Written by   Ritika

समानताओं के बावजूद मुस्लिमों-यहूदियों के बीच छिड़ी खूनी जंग

मुसलमानों और यहूदियों में पैगंबर को मानते हैं और उनका सम्मान करते हैं

दोनों धर्में में खतना एक धार्मिक परंपरा हैं और जरूरी हैं

दोनों धर्मों में मूर्ति पूजा नहीं की जाती हैं

दोनों धर्मों के लोग प्रार्थना के समय सिर पर टोपी पहनते हैं, यहूदी इसे किप्पा कहते हैं

दोनों धर्मों में अंतिम संस्कार के समय शवों को दफनाया जाता है

मुस्लिम और यहूदी दोनों ही एक ईश्वर में विश्वास रखते है