Aastha Paswan
14 जनवरी, मकर संक्रांति के दिन पुण्य काल सुबह 9:03 बजे से शाम 5:46 बजे तक है.
इस पुण्य काल में स्नान-दान करने से पुण्य की प्राप्ति होगी.
मकर संक्रांति के दिन प्रयागराज में महाकुंभ का दूसरा बड़ा शाही स्नान होगा.
इस दिन लोग अपनी क्षमता के अनुसार दान-पुण्य करते हैं.
मकर संक्रांति के अवसर पर स्नान के बाद काले तिल और गुड़ का दान करें. इससे आपको सूर्य और शनि दोनों ग्रहों का शुभ फल प्राप्त होगा.
मकर संक्रांति पर चावल, दाल और सब्जियों का भी दान करते हैं. इसे खिचड़ी का दान भी कहा जाता है.
खिचड़ी को सूर्य उत्तरायण होते हैं, इस वजह से देवताओं का दिन प्रारंभ होता है. इस दिन आप लाल कपड़े, लाल चंदन, लाल फल, केसर, घी आदि का दान करें.
मकर संक्रांति पर पितरों के लिए भी अन्न और वस्त्र का दान करें. इससे आपके पितृ, देव और ऋषि तीनों ही तृप्त होंगे.