जेलेंस्की ने एक बार फिर की शांति वार्ता की अपील, रूसी सेना ने कहा-पूरे हो चुके हैं पहले चरण के कार्य

रूस और यूक्रेन के बीच जारी भीषण युद्ध को एक महीने से ज्यादा का समय हो गया है और अभी भी पुतिन की सेना के ताबड़तोड़ हमले जारी है।

रूस और यूक्रेन के बीच जारी भीषण युद्ध को एक महीने से ज्यादा का समय हो गया है और अभी भी पुतिन की सेना के ताबड़तोड़ हमले जारी है। इस बीच रूस की सेना ने यह जानकारी दी है कि, यूक्रेन में जारी विशेष सैन्य अभियान के पहले चरण के मुख्य कार्य सामान्य रूप से पूरे हो गए हैं। रूस के सशस्त्र बलों के जनरल स्टाफ के पहले उप प्रमुख सर्गेई रुडस्कॉय ने कहा, यूक्रेन के सशस्त्र बलों की युद्ध क्षमता में काफी कमी आई है। उन्होंने कहा, हमारी सेना और साधन मुख्य चीज डोनबास की पूर्ण मुक्ति पर ध्यान केंद्रित करेंगे।
यूक्रेन के 14 हजार से ज्यादा सैनिक मारे गए हैं : रुडस्कॉय
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, रुडस्कॉय ने कहा कि यूक्रेन के कीव, खारकीव, चेर्निहाइव, सूमी और निकोलेव शहरों को रूस के सैनिकों ने बंद कर दिया है, जबकि खेरसॉन और अधिकांश जापोरोजे क्षेत्र रूस के पूर्ण नियंत्रण में हैं। उन्होंने कहा कि, एक महीने पहले सैन्य अभियान शुरू होने के बाद से अब तक 14 हजार से ज्यादा यूक्रेन के सैनिक मारे गए और लगभग 16  हजार अन्य घायल हुए हैं। रुडस्कॉय ने संवाददाताओं से कहा, यूक्रेन की वायु सेना और वायु रक्षा प्रणाली लगभग पूरी तरह से नष्ट हो गई हैं। देश के नौसैनिक बलों का अस्तित्व समाप्त हो गया है। उन्होंने कहा कि जहां तक रूसी पक्ष की बात है, तो 1,351 सैनिक मारे गए और 3,825 अन्य घायल हुए हैं।
जेलेंस्की ने फिर की शांति वार्ता की अपील
रूस के रक्षा मंत्रालय के प्रवक्ता इगोर कोनाशेनकोव ने कहा, मैं इस बात पर जोर देना चाहता हूं कि अनुमोदित योजना के अनुसार विशेष सैन्य अभियान सख्ती से चलाया जा रहा है। इसके अलावा यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने रूस से युद्ध को समाप्त करने के लिए फिर से बातचीत करने की अपील की है, लेकिन उन्होंने यह भी कहा कि यूक्रेन शांति के लिए अपने किसी भी क्षेत्र को छोड़ने के लिए सहमत नहीं होगा। जेलेंस्की राष्ट्र के नाम शुक्रवार रात अपने वीडियो संबोधन में रूसी जनरल स्टाफ के उप प्रमुख कर्नल जनरल सर्गेई रुडस्कोई को जवाब देते हुए दिखाई दिए।
रूसी सेना ने हजारों सैनिकों को खो दिया है : जेलेंस्की
आपको बता दें कि, रूस समर्थित अलगाववादियों का 2014 से पूर्वी यूक्रेन के डोनबास क्षेत्र के हिस्से पर नियंत्रण है और रूसी सेना यूक्रेन से और अधिक क्षेत्र को नियंत्रण में करने के लिए जूझ रही है, जिसमें मारियुपोल शहर भी शामिल है। जेलेंस्की ने उल्लेख किया कि रूसी सेना ने हजारों सैनिकों को खो दिया है लेकिन अब भी वह कीव या खारकीव पर कब्जा करने में सक्षम नहीं है।

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