Maa Skandmata Ki Aarti: संतान सुख और ज्ञान के लिए आज अवश्य पढ़ें मां स्कंदमाता की यह दिव्य आरती

Summary :

Maa Skandmata Ki Aarti Lyrics in Hindi: आज चैत्र नवरात्रि का पांचवां दिन है, जो मां स्कंदमाता को समर्पित है। मां स्कंदमाता दुर्गा जी का पांचवां रूप हैं। नवरात्रि में देवी के नौ अलग-अलग रूपों को पूजने की परंपरा है, जिससे माता रानी बहुत खुश होती हैं। माना जाता है कि शेर पर सवार चार भुजाओं वाली स्कंदमाता की पूजा करने से घर में सुख-समृद्धि और शांति आती है। सच्चे मन से पूजा करने पर मां स्कंदमाता बच्चों के जीवन की सारी मुश्किलें दूर कर देती हैं। यहाँ तक कि उनकी कृपा से नि:संतान लोगों को भी संतान का सुख मिलता है।…

Maa Skandmata Ki Aarti Lyrics in Hindi: आज चैत्र नवरात्रि का पांचवां दिन है, जो मां स्कंदमाता को समर्पित है। मां स्कंदमाता दुर्गा जी का पांचवां रूप हैं। नवरात्रि में देवी के नौ अलग-अलग रूपों को पूजने की परंपरा है, जिससे माता रानी बहुत खुश होती हैं। माना जाता है कि शेर पर सवार चार भुजाओं वाली स्कंदमाता की पूजा करने से घर में सुख-समृद्धि और शांति आती है।

सच्चे मन से पूजा करने पर मां स्कंदमाता बच्चों के जीवन की सारी मुश्किलें दूर कर देती हैं। यहाँ तक कि उनकी कृपा से नि:संतान लोगों को भी संतान का सुख मिलता है। याद रखें कि पूजा के बाद आरती जरूर करें, क्योंकि आरती के बिना पूजा पूरी नहीं मानी जाती। माता के आशीर्वाद से बच्चों का जीवन खुशियों से भर जाता है, इसलिए आज आरती पढ़ना न भूलें।

Maa Skandmata Ki Aarti Lyrics in Hindi: मां स्कंदमाता की आरती

Maa Skandamata
Maa Skandamata (Source: Social Media)
जय तेरी हो स्कंद माता।
पांचवां नाम तुम्हारा आता॥सबके मन की जानन हारी।
जग जननी सबकी महतारी॥तेरी जोत जलाता रहू मैं।
हरदम तुझे ध्याता रहू मैं॥

कई नामों से तुझे पुकारा।
मुझे एक है तेरा सहारा॥

कही पहाडों पर है डेरा।
कई शहरों में तेरा बसेरा॥

हर मंदिर में तेरे नजारे।
गुण गाएं तेरे भक्त प्यारे॥

भक्ति अपनी मुझे दिला दो।
शक्ति मेरी बिगड़ी बना दो॥

इंद्र आदि देवता मिल सारे।
करें पुकार तुम्हारे द्वारे॥

दुष्ट दैत्य जब चढ़ कर आए।
तू ही खंडा हाथ उठाए॥

दासों को सदा बचाने आयी।
भक्त की आस भुजाने आयी॥

जय तेरी हो स्कंद माता।
पांचवां नाम तुम्हारा आता॥

सबके मन की जानन हारी।
जग जननी सबकी महतारी॥

Maa SkandaMata Mantra: मां स्कंदमाता के मंत्र

Maa Skandamata Mantra
Maa Skandamata Mantra (Source: Social Media)

सिंहासनगता नित्यं पद्माश्रितकरद्वया।
शुभदास्तु सदा देवी स्कन्दमाता यशस्विनी।।

​ध्यान मंत्र

या देवी सर्वभू‍तेषु मां स्कंदमाता रूपेण संस्थिता।
नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नम:।।

Khushi Srivastava

खुशी श्रीवास्तव मीडिया इंडस्ट्री में करीब 3 साल का अनुभव रखती हैं। वायरल कंटेंट, लाइफस्टाइल, हेल्थ और वास्तु शास्त्र टिप्स पर प्रमुखता से काम किया है। इलाहाबाद विश्वविद्यालय, प्रयागराज से मास्टर ऑफ मास कम्यूनिकेशन की पढ़ाई के बाद पहली बार पत्रकारिता के श्रेत्र में कदम रखा। इसके बाद अमर उजाला प्रिंट (प्रयागराज) में इंटर्नशिप की। फिलहाल खुशी, पंजाब केसरी दिल्ली के डिजिटल प्लैटफॉर्म के लिए कंटेंट राइटिंग का काम करती हैं।