Manisha Murder Case: हरियाणा के भिवानी जिले से महिला शिक्षिका मनीषा की हत्या की खबर आई है। यह खबर सुनकर आपके पैरों तले ज़मीन खिसक गई होगी। मनीषा की हत्या की पूरी खबर सुनने के बाद पूरे प्रदेश में गुस्से का माहौल है। परिवार ने बेटी का शव लेने से इनकार कर दिया है। मनीषा की हत्या के पांचवें दिन आज सोमवार को भी कई जगहों पर विरोध प्रदर्शन और नारेबाजी जारी है। परिवार का कहना है कि जब तक आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हो जाती, वे मृतका मनीषा का शव नहीं लेंगे।
Manisha Murder Case: हत्या के खिलाफ प्रदर्शन जारी

Manisha Murder Case: बता दें कि मनीषा हत्याकांड के विरोध में सोमवार को चरखी दादरी में कॉलेज के बच्चों ने शहर की सड़कों पर आक्रोश जताया और रोष मार्च निकाला। इस दौरान कॉलेज के बच्चों ने पुलिस-प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। साथ ही उन्होंने आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी कर फांसी की सजा दिलाने की मांग की है। मनीषा हत्याकांड को लेकर सोमवार को शहर के ऑटो मार्केट समेत सभी मुख्य बाजार बंद है।
Haryana Teacher Murder Case
बता दें कि 18 साल की मनीषा हत्याकांड से हरियाणा में बवाल मचा हुआ है। मनीषा भिवानी के वे स्कूल की टीचर थी। 11 अगस्त को मनीषा का शव सिंघानी गांव के खेतों में मिलने से हड़कंप मच गया। बुधवार को नागरिक अस्पताल के डॉक्टरों ने शव का पोस्टमार्टम किया था। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, पोस्टमार्टम करने वाले डॉक्टर ने बताया कि शव डी-कंपोज की हालत में था. डॉक्टर ने बताया कि मृतक के शरीर से गर्दन, स्किन और मसल्स के साथ-साथ हड्डियां भी गायब है। ऐसा माना जा रहा है कि जानवरों ने शव को नोचा होगा। हत्या में तेज धार वाले हथियार का इस्तेमाल हुआ है। रेप की आशंका को देखते हुए जांच के लिए सैंपल भी लैब में भेजे गए हैं।
Manisha Murder Case: जानें पूरा मामला

11 अगस्त को मनीषा B.Sc में दाखिला लेने के लिए प्ले वे स्कूल के पास स्थित कॉलेज गई थी, लेकिन वह रास्ते में ही लापता हो गई। उसी समय उसका मोबाइल फोन भी बंद हो गया। बीच-बीच में फोन कुछ समय के लिए ऑन हुआ, लेकिन फिर बंद हो गया। जब परिजनों ने मनीषा की गुमशुदगी की शिकायत पुलिस को दी, तो पुलिस ने उसे खोजने की बजाय यह कहकर टाल दिया कि वह किसी के साथ भाग गई होगी और खुद ही लौट आएगी। पुलिस की इस लापरवाही से नाराज़ होकर परिजन और ग्रामीणों ने नागरिक अस्पताल के बाहर धरना दिया। इस दौरान भिवानी-महेंद्रगढ़ से सांसद धर्मबीर सिंह और पूर्व एसपी मनबीर सिंह मौके पर पहुंचे, लेकिन पुलिस प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया गया। इसके बाद शुक्रवार देर शाम को सरकार ने एसपी मनबीर सिंह का तबादला कर दिया और लापरवाही बरतने पर एसएचओ, एक महिला एएसआई समेत कुल पांच पुलिसकर्मियों को सस्पेंड कर दिया गया।

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महाराष्ट्र से एक दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है। राज्य पुलिस ने पालघर में एक 14 साल की नाबालिग बांग्लादेशी लड़की को सेक्स रैकेट से मुक्त कराया है। मामला सामने आने पर पीड़िता ने पुलिस को अपनी आपबीती सुनाई। उसने कहा कि तीन महीनों में कम से कम 200 पुरुषों ने उसके साथ सेक्स किया। यह घटना इतनी भयावह है कि रूह कांप जाती है। पुलिस इस आरोप की जांच कर रही है।
26 जुलाई को मिरा-भायंदर वसई-विरार पुलिस की एंटी-ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट (AHTU) ने NGO एक्सोडस रोड इंडिया फाउंडेशन और हार्मनी फाउंडेशन के सहयोग से नायगांव स्थित एक फ्लैट पर छापा मारकर एक 14 साल की लड़की को रेस्क्यू किया। इस मानव तस्करी रैकेट में अब तक 10 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है, जिनमें दो महिलाएं भी शामिल हैं। इन महिलाओं पर आरोप है कि उन्होंने नाबालिग को बांग्लादेश से भारत लाने में मदद की। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में 6 तस्कर और 3 पीड़िताएं बांग्लादेशी नागरिक हैं, जिनमें रेस्क्यू की गई नाबालिग लड़की भी शामिल है। आगे पढ़ें


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