EPF ब्याज दरों में कटौती के फैसले पर ममता ने केंद्र पर किया कटाक्ष, कहा-‘जीत के बाद भाजपा सरकार का उपहार’

Summary :

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कर्मचारी भविष्य निधि (ईपीएफ) पर ब्याज दरों में कटौती करने के लिए रविवार को केंद्र को आड़े हाथ लिया और व्यंग करते हुए कहा कि यह उत्तर प्रदेश में भाजपा की जीत के बाद भाजपा सरकार का ‘‘उपहार’’ है।

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कर्मचारी भविष्य निधि (ईपीएफ) पर ब्याज दरों में कटौती करने के लिए रविवार को केंद्र को आड़े हाथ लिया और व्यंग करते हुए कहा कि यह उत्तर प्रदेश में भाजपा की जीत के बाद भाजपा सरकार का ‘‘उपहार’’ है। बनर्जी ने इस ‘‘किसानों, श्रमिकों और मध्यम वर्ग की कीमत पर उठाए गए इस जनविरोधी कदम” को विफल करने के लिए एकजुट होकर विरोध करने का आह्वान किया।  

ममता ने ट्वीट कर कहा- भाजपा सरकार तुरंत अपना उपहार लेकर आयी है  
बनर्जी ने ट्वीट किया, ‘‘उत्तर प्रदेश की जीत के बाद, भाजपा सरकार तुरंत अपना उपहार लेकर आयी है। इसने एक ही बार में कर्मचारी भविष्य निधि जमा पर ब्याज दर को चार दशक के निचले स्तर पर लाने का प्रस्ताव करके खुद को बेनकाब किया है।’’ वित्त वर्ष 2021-22 के लिए कर्मचारी भविष्य निधि (ईपीएफ) जमा पर ब्याज दर इससे पिछले वित्त वर्ष की 8.5 प्रतिशत से घटाकर 8.1 फीसदी करने का प्रस्ताव शनिवार को किया गया। यह बीते चार दशक से भी अधिक समय में सबसे कम ब्याज दर है।  
भाजपा पर जमकर बरसीं ममता 
बनर्जी ने लिखा, ‘‘यह देश के मध्यम और निम्न मध्यम वर्ग के श्रमिकों और कर्मचारियों के महामारी-प्रभावित वित्तीय तनाव के बीच हुआ है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘जन-विरोधी, मजदूर-विरोधी कदम वर्तमान केंद्रीय प्रतिष्ठान की एकतरफा सार्वजनिक नीतियों को उजागर करता है, जो किसानों, श्रमिकों और मध्यम वर्गों की कीमत पर बड़े पूंजीपतियों के हितों की रक्षा करता हैं। काली पहल को एकजुट विरोधों द्वारा विफल किया जाना चाहिए।’’

Desk Team