ईरान-अमेरिका वार्ता में निर्णायक प्रगति, अगला दौर जल्द

Summary :

ईरान-अमेरिका वार्ता: पेशेवर दौर की नई दिशा

ईरान और अमेरिका के बीच अप्रत्यक्ष वार्ता के पांचवें दौर में महत्वपूर्ण प्रगति हुई है। विदेश मंत्री अराघची ने वार्ता को पेशेवर बताया और कहा कि अमेरिकी पक्ष अब ईरान की स्थिति को बेहतर समझता है। वार्ता के अगले दौर की तैयारी की जा रही है, जिसमें नए समाधान शामिल हो सकते हैं। वार्ता की तारीख और स्थान जल्द ही तय होगा।

ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची ने कहा है कि ईरान-अमेरिका अप्रत्यक्ष वार्ता का पांचवां दौर “सबसे पेशेवर दौरों में से एक” था। अराघची ने शुक्रवार को रोम में आयोजित पांचवें दौर की वार्ता के अंत में ईरान के सरकारी आईआरआईबी टीवी से कहा, “मुझे लगता है कि वर्तमान में अमेरिकी पक्ष को हमारी स्थिति के बारे में बेहतर और अधिक स्पष्ट समझ है। उन्होंने कहा कि पांचवें दौर में विभिन्न विचारों पर चर्चा की गई और यह निर्णय लिया गया कि दोनों पक्ष विचारों की समीक्षा करेंगे तथा अगले दौर के लिए व्यवस्था करेंगे, जिसमें उम्मीद है कि कुछ हद तक विवरण शामिल हो जाएंगे यदि दोनों पक्ष नए समाधान स्वीकार करते हैं। विदेश मंत्री ने कहा कि अप्रत्यक्ष वार्ताएं अपनी जटिलता के कारण दो या तीन दौर में पूरी नहीं होंगी। उन्होंने कहा कि “यह तथ्य कि हम अब एक उचित रास्ते पर आगे बढ़ रहे हैं। एक तरह की प्रगति है।”

रोम में होगी ईरान-अमेरिका वार्ता, परमाणु मुद्दे पर चर्चा

इस बीच, ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता एस्माईल बाघेई ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि पांचवें दौर की बातचीत शांत और पेशेवर माहौल में हुई तथा अगले दौर की बातचीत की तारीख और स्थान का निर्णय और घोषणा बाद में की जाएगी। शुक्रवार को ही ओमानी विदेश मंत्री सैयद बद्र बिन हमद बिन हामूद अलबुसैदी ने कहा कि पांचवें दौर की वार्ता कुछ लेकिन निर्णायक प्रगति के साथ संपन्न हो गई है। समाचार एजेंसी सिन्हुआ के अनुसार, अराघची और मध्य पूर्व के लिए अमेरिका के विशेष दूत स्टीव विटकॉफ के नेतृत्व में पांचवें दौर की वार्ता तीन घंटे से अधिक समय तक चली।

इससे पहले, दोनों पक्षों ने तेहरान के परमाणु कार्यक्रम और अमेरिकी प्रतिबंधों को हटाने के मुद्दे पर अप्रैल में ओमान की मध्यस्थता में अप्रत्यक्ष वार्ता के चार दौर आयोजित किए थे, जिनमें से तीन ओमान के मस्कट में और एक रोम में हुआ था। हाल के दिनों में अमेरिकी अधिकारियों ने बार-बार मांग की है कि ईरान यूरेनियम संवर्धन पूरी तरह बंद कर दे, लेकिन तेहरान ने इस अनुरोध को दृढ़ता से अस्वीकार कर दिया है।

News Desk

News Desk is the editorial team of Punjab Kesari. This article is based on information provided by IANS.