Israel ने 7 हमास आतंकवादियों को उतारा मौत के घाट, 2011 में हुए थे जेल से रिहा

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Israel की सेना हमास के आतंकवादियों पर कहर बनकर टूट रही है। अब इज़राइल सुरक्षा एजेंसी और इज़राइल रक्षा बलों ने दावा करते हुए बताया कि 2011 के गिलाद शालिट कैदी विनिमय में रिहा किए गए और गाजा में निर्वासित किए गए सात वरिष्ठ हमास आतंकवादी इज़राइल के हवाई हमले में मारे गए। इस दावे में बताया गया कि टारगेट किए गए आतंकवादी हमास के यहूदिया और सामरिया मुख्यालय के सभी सदस्य थे, जो आतंकवादियों की भर्ती करने और गाजा से यहूदिया और सामरिया में हमलों की योजना बनाने में शामिल थे। किसे उतारा मौत के घाट इजराइल ने बताया…

Israel की सेना हमास के आतंकवादियों पर कहर बनकर टूट रही है। अब इज़राइल सुरक्षा एजेंसी और इज़राइल रक्षा बलों ने दावा करते हुए बताया कि 2011 के गिलाद शालिट कैदी विनिमय में रिहा किए गए और गाजा में निर्वासित किए गए सात वरिष्ठ हमास आतंकवादी इज़राइल के हवाई हमले में मारे गए। इस दावे में बताया गया कि टारगेट किए गए आतंकवादी हमास के यहूदिया और सामरिया मुख्यालय के सभी सदस्य थे, जो आतंकवादियों की भर्ती करने और गाजा से यहूदिया और सामरिया में हमलों की योजना बनाने में शामिल थे।

किसे उतारा मौत के घाट

इजराइल ने बताया कि रियाद असिला और बासेम अबू सानिना को हवाई हमले में मार गिराया है। इन आतंकवादियों ने 1998 में येरुशलम में इजरायली नागरिक हैम केरमान की चाकू घोंपकर हत्या की थी। इस हत्याकांड में दोनों को लंबी जेल की सजा सुनाई गई थी, लेकिन इजरायल ने पकड़े गए IDF सैनिक गिलाद शालिट के बदले में 1,027 सुरक्षा कैदियों को रिहा करने के समझौते पर इन आतंकवादियों को भी रिहा कर दिया गया था।

आतंकवादी गतिविधियों को दिया बढ़ावा

इजराइल ने बताया कि दोनों आतकंवादियों ने रिहा होने के बाद अपनी भूमिकाएँ फिर से शुरू कर दीं और बाद में असीला समूह के यरूशलेम विभाग में शामिल हो गया था। रियाद असीला आतंकी ने गाजा से वापस इज़राइल में आतंकवादी गतिविधियों को बढ़ाने में मदद की और इज़राइल के खिलाफ भी आतंकवादी गतिविधियों को बढ़ावा दिया था।

आतंकवादी महमूद सारिया ढेर

इजराइल के हवाई हमले में प्रमुख आतंकवादी महमूद सारिया को भी ढेर कर दिया गया। बता दें कि वर्ष 1996 में डोटन नागरिक प्रशासन केंद्र पर आईडीएफ स्टाफ सार्जेंट एहूद ताल की चाकू मारकर हत्या करने का दोषी ठहराया गया था। इजराइल ने बताया कि सभी आतंकवादी घातक हमलों में शामिल थे और आजीवन कारावास की सजा काट रहे थे लेकिन समझौते के बाद रिहा कर दिया गया था।

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Himanshu Negi

हिमांशू नेगी को देश-विदेश, बिजनेस, ऑटो, टेक और गैजेट्स से जुड़ी खबरें लिखने का अच्छा अनुभव है। उन्होंने GGSIPU से संबद्ध LLDIMS कॉलेज से बैचलर ऑफ मास कम्युनिकेशन (BJMC) की पढ़ाई की है। इसके बाद HNBGU Central University से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन (MAJMC) पूरा किया और पत्रकारिता की शुरुआत की। दैनिक जागरण और IJCP Pvt Ltd. में इंटर्नशिप करने के बाद उन्होंने सुदर्शन टीवी चैनल में 9 PM शो के लिए प्रोड्यूसर के तौर पर काम किया। वर्तमान में वह पंजाब केसरी, दिल्ली में हिंदी सब-एडिटर के पद पर कार्यरत हैं।