By Ritika
April 30, 2024
कोरोना की दवा बनाने वाली ब्रिटेन की फार्मास्युटिकल कंपनी एस्ट्राजेनेका (AstraZeneca) ने पहली बार माना है कि उनकी कोविड-19 वैक्सीन से गंभीर साइड इफेक्ट्स हो सकते हैं
एस्ट्राजेनेका ने यूके हाईकोर्ट में स्वीकार किया कि कोविड-19 वैक्सीन से थ्रोम्बोसाइटोपेनिया सिंड्रोम (TTS) जैसे साइड इफेक्ट्स हो सकते हैं
थ्रोम्बोसाइटोपेनिया सिंड्रोम से शरीर में ब्लड क्लॉट होने लगता है या बॉडी में प्लेटलेट्स तेजी से गिरने लगती हैं
बॉडी में खून के थक्के जमने की वजह से ब्रेन स्ट्रोक या कार्डियक अरेस्ट की आशंकाएं बढ़ जाती हैं
बता दें, कंपनी इस वैक्सीन को दुनियाभर में कोविशील्ड और वैक्सजेवरिया नाम से बेचती है, इस खबर के सामने आने के साथ ही पूरी दुनिया की चिंता बढ़ गई है
मालूम हो, एस्ट्राजेनेका ने कोर्ट को बताया कि कोरोना वैक्सीन नहीं लगवाने की स्थिति में भी थ्रोम्बोसाइटोपेनिया सिंड्रोम हो सकता था, तो यह कहना कि वैक्सीन के बाद लोग इस सिंड्रोम से जूझ रहे गलत है
वहीं, कंपनी ने दावा किया है कि कोविड-19 महामारी के दौरान वैक्सीन की मदद से दुनियाभर में 60 लाख लोगों की जिंदगियां बचाई गई हैं