Chhattisgarh Vidhan Sabha: छत्तीसगढ़ विधानसभा के शीतकालीन सत्र में कई जनहित के मुद्दे गूंज रहे हैं। सत्र के तीसरे दिन विधानसभा में स्वास्थ्य और खाद्य विभाग से संबंधित मामलों में मंत्रियों की घेराबंदी हुई। सत्ता पक्ष के सदस्यों ने ही मंत्रियों पर सवालों की बौछार की। इनमें बिलासपुर जिले में एपीएल राशन कार्ड को बीपीएल राशन कार्ड में परिवर्तित करने का मामला जोर शोर से उठा। भाजपा सदस्य सुशांत शुक्ला ने यह मामला उठाते हुए सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि एपीएल राशन कार्ड को बीपीएल में परिवर्तन करने पर खाद्य नियंत्रक ने एफआईआर भी दर्ज कराया है।
सत्ता पक्ष के सवालों से घिरे खाद्य मंत्री

सत्ता पक्ष के सदस्य के सवालों से ही खाद्य मंत्री दयाल दास बघेल सदन में घिर गए। एक तरफ उन्होंने सभी आरोपों से इनकार कर दिया। वहीं दूसरी तरफ उन्होंने जांच समिति की रिपोर्ट का भी हवाला दे दिया। इस पर भाजपा सदस्य अजय चंद्राकर ने कहा कि मंत्री के जवाब में ही विरोधाभास है। इसलिए इस मुद्दे पर आधे घंटे की अलग से चर्चा कराई जानी चाहिए। भाजपा के ही सदस्य धर्मजीत सिंह और धरमलाल कौशिक ने भी इस मामले में अलग से आधे घंटे की चर्चा करने की मांग उठाई। इस पर विधानसभा अध्यक्ष डॉ रमन सिंह ने कहा कि सदस्य लिखित तौर पर प्रक्रिया में आएंगे तो इस पर विचार करेंगे।
Chhattisgarh News Today: एपीएल से बीपीएल राशन कार्ड का विवाद

सत्तापक्ष के सदस्य सुशांत शुक्ला ने अपने लिखित सवाल के जरिए खाद्य मंत्री से पूछा कि वर्ष 2023 से वर्ष 2025 तक कितने राशन कार्ड को एपीएल से बीपीएल में परिवर्तित किया गया है। बिलासपुर का उदाहरण देते हुए अधिकारियों पर क्या कार्रवाई की गई है। इधर भाजपा सदस्य किरण देव ने एक अन्य सवाल उठाते हुए जगदलपुर के महारानी अस्पताल में निर्माण कार्य स्वीकृत होने की जानकारी मांगी। प्रश्न काल के दौरान उन्होंने यह मामला उठाया। इस पर स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने चर्चा के बाद आश्वासन दिया कि जनवरी माह में जगदलपुर में सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल शुरु कर दिया जाएगा।
Chhattisgarh News: जनवरी में शुरू होगा सुपर स्पेशलिटी अस्पताल!
दरअसल, भाजपा सदस्य किरण देव ने स्वास्थ्य मंत्री से पूछा कि जगदलपुर के महारानी अस्पताल में एमाआरडी एवं हीमोडायलिसिस, कैंसर क्लिनिक का निर्माण किया जाना है तो इसकी मंजूरी कब दी गई है। इसके निर्माण में कितनी राशि का खर्च प्रस्तावित है। उन्होंने पूछा कि प्रशासकीय और तकनीकी स्वीकृति कब तक दी जाएगी। भाजपा सदस्य ने कहा कि अगर स्वीकृति मिलने में ही 6 से 8 महीने लग जाए तो फिर निर्माण कब शुरू होगा। इस पर स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि वर्तमान में टेंडर प्रक्रियाधीन है। टेंडर खोलने की अवधि 24 दिसंबर 2025 निर्धारित है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि जनवरी माह में सुपर स्पेशलिटी अस्पताल को शुरू कर दिया जाएगा।
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