ऑपरेशन क्लीन एयर, एनसीआर में सीएक्यूएम की जांच, 15 सड़क हिस्सों में मिली खामियां

Summary :

Operation Clean Air:  दिल्ली-एनसीआर में वायु प्रदूषण कम करने और सड़क से उड़ने वाली धूल पर नियंत्रण के लिए एयर क्वालिटी मैनेजमेंट कमीशन (सीएक्यूएम) ने “ऑपरेशन क्लीन एयर” के तहत फरीदाबाद और गुरुग्राम में विशेष निरीक्षण अभियान चलाया। 22 जुलाई 2026 को आयोजित इस अभियान का उद्देश्य शहरी सड़कों के पुनर्विकास (रीडेवलपमेंट) कार्यों की प्रगति और निर्धारित मानकों के अनुपालन का आकलन करना था। कमीशन द्वारा तैनात नौ फ्लाइंग स्क्वॉड ने म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन फरीदाबाद (एमसीएफ) और म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन गुरुग्राम (एमसीजी) के अधिकार क्षेत्र में कुल 64 सड़क हिस्सों का निरीक्षण किया। इनमें लगभग 31 किलोमीटर लंबाई की 50 सड़कें फरीदाबाद…

Operation Clean Air:  दिल्ली-एनसीआर में वायु प्रदूषण कम करने और सड़क से उड़ने वाली धूल पर नियंत्रण के लिए एयर क्वालिटी मैनेजमेंट कमीशन (सीएक्यूएम) ने “ऑपरेशन क्लीन एयर” के तहत फरीदाबाद और गुरुग्राम में विशेष निरीक्षण अभियान चलाया। 22 जुलाई 2026 को आयोजित इस अभियान का उद्देश्य शहरी सड़कों के पुनर्विकास (रीडेवलपमेंट) कार्यों की प्रगति और निर्धारित मानकों के अनुपालन का आकलन करना था। कमीशन द्वारा तैनात नौ फ्लाइंग स्क्वॉड ने म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन फरीदाबाद (एमसीएफ) और म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन गुरुग्राम (एमसीजी) के अधिकार क्षेत्र में कुल 64 सड़क हिस्सों का निरीक्षण किया।

इनमें लगभग 31 किलोमीटर लंबाई की 50 सड़कें फरीदाबाद और 14 सड़कें गुरुग्राम में शामिल थीं। निरीक्षण के दौरान 10 मीटर से कम तथा 10 से 15 मीटर राइट ऑफ वे (आरओडब्ल्यू) श्रेणी की सड़कों का मूल्यांकन किया गया। जांच में 49 सड़क हिस्सों पर एंड-टू-एंड पेविंग का कार्य पूरा पाया गया, जिनमें फरीदाबाद की 38 और गुरुग्राम की 11 सड़कें शामिल हैं। हालांकि, 15 सड़क हिस्सों पर यह कार्य अधूरा मिला। इनमें फरीदाबाद की 12 और गुरुग्राम की तीन सड़कें शामिल हैं, जिससे स्पष्ट हुआ कि कई स्थानों पर पुनर्विकास कार्य अभी पूरा किया जाना बाकी है।

सड़कों के मानक फ्रेमवर्क के निरीक्षण

सीएक्यूएम ने यह भी बताया कि एमसीएफ और एमसीजी ने इन सड़कों के मानक फ्रेमवर्क के अनुरूप विकसित होने का दावा किया था, लेकिन निरीक्षण में कई स्थानों पर निर्धारित मानकों का उल्लंघन पाया गया। आयोग ने संबंधित एजेंसियों को निर्देश दिया है कि गलत जानकारी देने के लिए जिम्मेदार अधिकारियों की पहचान कर उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाए।

कमीशन ने दोहराया कि शहरी सड़कों पर शुरू से अंत तक मजबूत और मानक के अनुरूप पेविंग सड़क की धूल कम करने, मैकेनाइज्ड रोड स्वीपिंग को प्रभावी बनाने और वायु प्रदूषण नियंत्रण के लिए अत्यंत आवश्यक है। सभी सड़क स्वामित्व वाली एजेंसियों को शेष कार्य निर्धारित समयसीमा में पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं। सीएक्यूएम ने स्पष्ट किया कि “ऑपरेशन क्लीन एयर” के तहत ऐसे निरीक्षण आगे भी लगातार जारी रहेंगे, ताकि प्रदूषण नियंत्रण उपायों के प्रभावी क्रियान्वयन की निगरानी की जा सके।

Sumant Chaudhary