‘मैंने आत्मरक्षा में सिर फोड़ा…’, निशु आजाद के पिता पर हमले को लेकर स्वतंत्र भारद्वाज ने किया खुलासा

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Swatantra Bhardwaj Jantar Mantar Controversy: जंतर-मंतर विवाद पर स्वतंत्र भारद्वाज ने सफाई देते हुए कहा कि उन्होंने निशु आजाद के पिता पर हमला नहीं किया, बल्कि भीड़ से घिरने के बाद आत्मरक्षा में कार्रवाई की। उन्होंने वीडियो को सबूत बताया और कहा कि मेडिकल रिपोर्ट में गंभीर चोट नहीं है। भारद्वाज ने वायरल पॉडकास्ट क्लिप को फर्जी बताया।

Swatantra Bhardwaj Jantar Mantar Controversy: जंतर-मंतर पर CJP के विरोध प्रदर्शन के दौरान सीजेपी कार्यकर्ता निशु आजाद के पिता पर कथित हमले को लेकर विवाद बना हुआ है। इस मामले में कार्यकर्ता स्वतंत्र भारद्वाज ने अपना पक्ष सामने रखा है। उन्होंने कहा कि जिस घटना को हमला बताया जा रहा है, वह असल में आत्मरक्षा में की गई कार्रवाई थी।

स्वतंत्र भारद्वाज ने एक पॉडकास्ट में दावा किया कि घटना के समय उन्हें करीब 10 से 15 लोगों ने घेर लिया था। उनके मुताबिक, स्थिति ऐसी बन गई थी कि अगर वह खुद को बचाने के लिए कदम नहीं उठाते तो भीड़ उन्हें बुरी तरह पीट सकती थी और उनकी जान को भी खतरा हो सकता था। उन्होंने कहा कि उनका किसी व्यक्ति पर हमला करने का इरादा नहीं था। उनके अनुसार, उन्होंने केवल खुद को भीड़ से बचाने के लिए कार्रवाई की थी।

सिर पर चोट लगने का किया जिक्र

स्वतंत्र ने बताया कि आत्मरक्षा में हुई कार्रवाई के दौरान निशु आजाद के पिता के सिर पर चोट लगी। हालांकि, उन्होंने दावा किया कि दिल्ली पुलिस की मेडिकल रिपोर्ट में उन्हें किसी गंभीर चोट की बात सामने नहीं आई है। उन्होंने कहा कि इस मामले की जांच जारी है और वह जांच एजेंसियों के साथ पूरा सहयोग कर रहे हैं। उनका कहना है कि घटना से जुड़ी परिस्थितियों को वीडियो के जरिए भी समझा जा सकता है।

स्वतंत्र भारद्वाज ने अपने बयान में कहा कि उनके पास घटना से संबंधित वीडियो मौजूद हैं। उनका दावा है कि ये वीडियो यह समझने में मदद कर सकते हैं कि उस समय वहां क्या हुआ था और उन्होंने किस परिस्थिति में कार्रवाई की।उन्होंने कहा कि घटना को केवल एक हिस्से के आधार पर नहीं देखा जाना चाहिए, बल्कि पूरे घटनाक्रम और उपलब्ध वीडियो को ध्यान में रखकर स्थिति को समझना जरूरी है।

सोशल मीडिया पर वायरल क्लिप को बताया फर्जी

पॉडकास्ट के एक हिस्से को लेकर भी स्वतंत्र भारद्वाज ने सफाई दी। उन्होंने दावा किया कि राहुल गांधी और कुछ अन्य लोगों की ओर से सोशल मीडिया पर शेयर किया जा रहा पॉडकास्ट क्लिप फर्जी है। उनका कहना है कि वायरल क्लिप को सही संदर्भ में नहीं दिखाया जा रहा और इससे उनके बयान की गलत तस्वीर सामने आ रही है। उन्होंने लोगों से पूरे मामले को समझने के लिए पूरी बातचीत और उपलब्ध सामग्री देखने की अपील की।

कपिल मिश्रा को लेकर भी दी सफाई

स्वतंत्र भारद्वाज ने उन दावों पर भी प्रतिक्रिया दी, जिनमें कहा जा रहा था कि उन्हें कपिल मिश्रा के प्रभाव की वजह से रिहा किया गया। उन्होंने इस बात को अलग तरीके से पेश किए जाने पर आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि कपिल मिश्रा और चिराग पासवान उनके लिए भाइयों जैसे हैं। साथ ही उन्होंने कहा कि लोगों को उनके पुराने बयान में किए गए व्यंग्य को उसी संदर्भ में समझना चाहिए।

स्वतंत्र भारद्वाज ने कहा कि वह मामले की चल रही जांच में सहयोग कर रहे हैं। उन्होंने अपने ऊपर लगाए जा रहे आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि घटना के पीछे उनकी मंशा किसी पर हमला करने की नहीं थी।

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Amit Kumar

अमित कुमार पिछले 3 सालों से पत्रकारिता के क्षेत्र में काम कर रहे हैं। उन्हें विदेश, बिजनेस, ऑटो, टेक और गैजेट्स से जुड़ी खबरें लिखने का अच्छा अनुभव है। उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से बैचलर ऑफ मास कम्युनिकेशन, आईआईएमसी से पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा और उत्तर प्रदेश राजर्षि टंडन विश्वविद्यालय से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की पढ़ाई की है। पत्रकारिता की शुरुआत उन्होंने वेबसाइट पर लिखने से की। इसके बाद इंडिया डेली न्यूज़ चैनल और न्यूज़ इंडिया 24x7 में हिंदी सब-एडिटर के तौर पर काम किया। वर्तमान में वह पंजाब केसरी, दिल्ली में हिंदी सब-एडिटर के पद पर कार्यरत हैं।