रुका हुआ धन हो या गृह क्लेश, कामदा एकादशी के ये 7 उपाय दूर करेंगे सारी परेशानियां

Summary :

Kamada Ekadashi 2026 Upay: हर महीने की कृष्ण और शुक्ल पक्ष की एकादशियों पर व्रत रखने की परंपरा है। सनातन धर्म में एकादशी व्रत बहुत खास माना जाता है। यह व्रत भगवान विष्णु को समर्पित होता है और हर एकादशी का अपना खास महत्व होता है। चैत्र महीने के शुक्ल पक्ष की एकादशी को ‘कामदा एकादशी’ कहते हैं, जिसका बहुत अधिक महत्व माना जाता है। इस वर्ष कामदा एकादशी का व्रत रविवार, 29 मार्च को रखा जाएगा। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, कामदा एकादशी का व्रत करने और भगवान विष्णु की पूजा करने से जीवन में खुशहाली आती है। यह व्रत बड़े से बड़े पापों…

Kamada Ekadashi 2026 Upay: हर महीने की कृष्ण और शुक्ल पक्ष की एकादशियों पर व्रत रखने की परंपरा है। सनातन धर्म में एकादशी व्रत बहुत खास माना जाता है। यह व्रत भगवान विष्णु को समर्पित होता है और हर एकादशी का अपना खास महत्व होता है। चैत्र महीने के शुक्ल पक्ष की एकादशी को ‘कामदा एकादशी’ कहते हैं, जिसका बहुत अधिक महत्व माना जाता है। इस वर्ष कामदा एकादशी का व्रत रविवार, 29 मार्च को रखा जाएगा।
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, कामदा एकादशी का व्रत करने और भगवान विष्णु की पूजा करने से जीवन में खुशहाली आती है। यह व्रत बड़े से बड़े पापों से भी मुक्ति दिलाता है। मान्यता है कि इस दिन कुछ विशेष उपाय करने से जीवन में आ रहे सभी तरह के संकट कट जाते हैं, पितृ दोष से मुक्ति मिलती है और सुख-समृद्धि आती है। आइए जानें कामदा एकादशी के दिन कौन-कौन से उपाय करने चाहिए।

Kamada Ekadashi 2026 Upay: कामदा एकादशी के दिन करें ये खास उपाय

Kamada Ekadashi
Kamada Ekadashi (Source: Social Media)

1. आर्थिक समृद्धि और बरकत के लिए

यदि आप अपनी आर्थिक स्थिति को मजबूत करना चाहते हैं और घर में सुख-समृद्धि लाना चाहते हैं, तो कामदा एकादशी पर पूजा के समय हल्दी की सात गांठों को एक पीले कपड़े में बांधकर पोटली बना लें। इसे भगवान विष्णु के चरणों में अर्पित कर धूप-दीप दिखाएं, और फिर इस अभिमंत्रित पोटली को अपनी तिजोरी या धन रखने वाली जगह पर सुरक्षित रख दें।

2. कर्ज के बोझ से छुटकारा के लिए

लंबे समय से चले आ रहे कर्ज से मुक्ति के लिए कामदा एकादशी के दिन स्नान के बाद पीपल के पेड़ की ग्यारह बार परिक्रमा करें। परिक्रमा करते समय वृक्ष पर कच्चा सूत लपेटें और अंत में जड़ में जल अर्पित करें। इसके बाद भगवान विष्णु से कर्ज मुक्ति की प्रार्थना करें। माना जाता है कि इस विधि से आर्थिक बाधाएं शीघ्र दूर होती हैं।

3. फंसा हुआ धन वापस पाने के लिए

अगर आपका पैसा कहीं अटका हुआ है, तो कामदा एकादशी पर श्री हरि की पूजा के बाद शमी के पौधे की आराधना करें। एक आटे का दीपक बनाएं, उसमें कपूर और थोड़ी हल्दी डालकर प्रज्वलित करें। इस उपाय से न केवल रुका हुआ धन मिलने की संभावना बढ़ती है, बल्कि कुंडली के ग्रह-नक्षत्र भी आपके अनुकूल होने लगते हैं।

4. वैवाहिक जीवन में प्रेम और मधुरता के लिए

पति-पत्नी के बीच अनबन को दूर करने और रिश्तों में मिठास घोलने के लिए कामदा एकादशी पर केले के पेड़ की पूजा करें। भगवान विष्णु को केसर मिश्रित दूध का भोग लगाएं। साथ ही, एक जटा वाले नारियल को पीले कपड़े में लपेटकर कलावा से बांधें और उसे किसी विष्णु मंदिर में दान कर आएं।

5. समस्त मनोकामनाओं की पूर्ति के लिए

अपनी विशेष इच्छाओं को पूरा करने के लिए एकादशी पर भगवान विष्णु को तुलसी दल (पत्ता) डालकर सात्विक भोग लगाएं। पूजा के दौरान मन ही मन “ॐ नमो भगवते वासुदेवाय नमः” मंत्र का जाप करते रहें। संध्याकाल में तुलसी के पौधे के पास घी का दीपक जलाएं। इससे न केवल मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं, बल्कि परिवार के सदस्यों की उन्नति भी होती है।

6. विवाह में आने वाली रुकावटें दूर करने के लिए

शादी-ब्याह में आ रही बाधाओं के निवारण के लिए कामदा एकादशी पर लक्ष्मी-नारायण की पूजा करें। उन्हें हल्दी की दो साबुत गांठें चढ़ाएं और “ॐ केशवाय नमः” मंत्र की एक माला (108 बार) का जाप करें। ऐसी मान्यता है कि इससे विवाह के योग शीघ्र बनते हैं और अच्छे रिश्ते आने लगते हैं।

7. पितृ दोष के प्रभाव को कम करने के लिए

पितरों का आशीर्वाद प्राप्त करने और पितृ दोष से शांति के लिए कामदा एकादशी के दिन स्नान के जल में थोड़ा गंगाजल मिलाकर स्नान करें। इस पावन तिथि पर अपने पूर्वजों के निमित्त तर्पण करें और उनके नाम से अन्न या वस्त्र का दान करें, जिससे पितृ प्रसन्न होकर सुख-शांति का आशीर्वाद देते हैं।
इस लेख में दी गई जानकारी धार्मिक मान्यताओं पर आधारित है। पंजाब केसरी इसकी सत्यता या वैज्ञानिक पुष्टि नहीं करता है।

Khushi Srivastava

खुशी श्रीवास्तव मीडिया इंडस्ट्री में करीब 3 साल का अनुभव रखती हैं। वायरल कंटेंट, लाइफस्टाइल, हेल्थ और वास्तु शास्त्र टिप्स पर प्रमुखता से काम किया है। इलाहाबाद विश्वविद्यालय, प्रयागराज से मास्टर ऑफ मास कम्यूनिकेशन की पढ़ाई के बाद पहली बार पत्रकारिता के श्रेत्र में कदम रखा। इसके बाद अमर उजाला प्रिंट (प्रयागराज) में इंटर्नशिप की। फिलहाल खुशी, पंजाब केसरी दिल्ली के डिजिटल प्लैटफॉर्म के लिए कंटेंट राइटिंग का काम करती हैं।