Parama Ekadashi Kab Hai: बड़ी से बड़ी कंगाली दूर करने वाली ‘परम एकादशी’ कब है? नोट कर लें शुभ मुहूर्त, पूजा विधि और पारण का समय

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Parama Ekadashi Kab Hai: हिंदू धर्म मेंं एकादशी का दिन बहुत पवित्र और शुभ माना जाता है। ये तिथि भगवान श्री विष्णु को समर्पित होती है। अधिक मास में पड़ने वाली परम एकादशी का महत्व और भी बढ़ जाता है, क्योंकि ये 3 साल में एक बार ही आती है। इस साल ज्येष्ठ के महीने में अधिक मास (मलमास) पड़ा है। ज्येष्ठ के कृष्ण पक्ष की एकादशी को ‘परम एकादशी’ कहते हैं। अधिक मास के देवता खुद भगवान विष्णु हैं, इसलिए इस महीने की एकादशी का फल करोड़ों गुना बढ़ जाता है। कथाओं के अनुसार, इस व्रत को करने से बड़ी…

Parama Ekadashi Kab Hai: हिंदू धर्म मेंं एकादशी का दिन बहुत पवित्र और शुभ माना जाता है। ये तिथि भगवान श्री विष्णु को समर्पित होती है। अधिक मास में पड़ने वाली परम एकादशी का महत्व और भी बढ़ जाता है, क्योंकि ये 3 साल में एक बार ही आती है।
इस साल ज्येष्ठ के महीने में अधिक मास (मलमास) पड़ा है। ज्येष्ठ के कृष्ण पक्ष की एकादशी को ‘परम एकादशी’ कहते हैं। अधिक मास के देवता खुद भगवान विष्णु हैं, इसलिए इस महीने की एकादशी का फल करोड़ों गुना बढ़ जाता है। कथाओं के अनुसार, इस व्रत को करने से बड़ी से बड़ी कंगाली और गरीबी दूर हो जाती है। खुद धन के देवता कुबेर जी ने भी यह व्रत किया था, जिसके बाद भगवान शिव ने उन्हें धन का राजा बना दिया। इस दिन विष्णु जी और लक्ष्मी जी की पूजा करने से जाने-अनजाने में हुए सारे पाप मिट जाते हैं। आइए जानें इस बार ज्येष्ठ अधिक मास की परम एकादशी कब है, पूजा का शुभ समय क्या है और विधि के बारे में।

Parama Ekadashi Kab Hai: परम एकादशी की तिथि

Parama Ekadashi Kab Hai
Parama Ekadashi Kab Hai (AI Generated)

साल 2026 में परम एकादशी का व्रत 11 जून, गुरुवार को रखा जाएगा। एकादशी तिथि 11 जून को सुबह 12:57 बजे शुरू होगी और इसी दिन रात को 10:36 बजे खत्म हो जाएगी। उदयतिथि के अनुसार व्रत 11 जून को ही रखना उत्तम है।

Parama Ekadashi Shubh Muhurat: पूजा के लिए शुभ समय

Parama Ekadashi Kab Hai
Parama Ekadashi Kab Hai (AI Generated)
  • ब्रह्म मुहूर्त (सुबह): 04:02 से 04:42 तक
  • अभिजीत मुहूर्त (दोपहर): 11:53 से 12:49 तक
  • गोधूलि मुहूर्त (शाम): 07:18 से 07:38 तक

पारण का समय

परम एकादशी का व्रत अगले दिन यानी 12 जून 2026 को सुबह 5:23 से लेकर 8:10 के बीच खोला जा सकता है।

Parama Ekadashi Puja Vidhi: ऐसे करें विष्णु पूजन

Parama Ekadashi Kab Hai
Parama Ekadashi Kab Hai (AI Generated)
  • व्रत से एक दिन पहले सिर्फ सादा और शुद्ध और सात्विक खाना खाएं।
  • एकादशी के दिन सुबह जल्दी नहाकर साफ या पीले कपड़े पहनें और व्रत का संकल्प लें।
  • भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की मूर्ति के आगे दीपक जलाएं।
  • उन्हें पीले फूल, फल, पंचामृत, धूप और तुलसी के पत्ते चढ़ाएं।
  • ‘ॐ नमो भगवते वासुदेवाय’ मंत्र का जाप करें और इस व्रत की कथा पढ़ें या सुनें।
  • इस दिन रात को जागकर भजन-कीर्तन करें।
  • अगले दिन किसी ब्राह्मण या जरूरतमंद को दान देने के बाद ही अपना व्रत खोलें।

इस लेख में दी गई जानकारी धार्मिक ग्रंथियों, कहानियों या मान्यताओं पर आधारित है। पंजाब केसरी इसकी सत्यता की पुष्टि नहीं करता है।

Khushi Srivastava

खुशी श्रीवास्तव मीडिया इंडस्ट्री में करीब 3 साल का अनुभव रखती हैं। वायरल कंटेंट, लाइफस्टाइल, हेल्थ और वास्तु शास्त्र टिप्स पर प्रमुखता से काम किया है। इलाहाबाद विश्वविद्यालय, प्रयागराज से मास्टर ऑफ मास कम्यूनिकेशन की पढ़ाई के बाद पहली बार पत्रकारिता के श्रेत्र में कदम रखा। इसके बाद अमर उजाला प्रिंट (प्रयागराज) में इंटर्नशिप की। फिलहाल खुशी, पंजाब केसरी दिल्ली के डिजिटल प्लैटफॉर्म के लिए कंटेंट राइटिंग का काम करती हैं।