Aaj Ka Panchang 09 February 2026: फाल्गुन माह के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि, जानें ! शुभ-अशुभ मुहूर्त

Summary :

Aaj Ka Panchang 09 February 2026: 9 फरवरी 2026, सोमवार को फाल्गुन माह के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि रहेगी। इस दिन विशाखा नक्षत्र और वृद्धि योग का शुभ संयोग बन रहा है, जो धार्मिक कार्यों, जप-तप और शुभ संकल्पों के लिए अनुकूल माना जाता है। चंद्रमा तुला राशि में गोचर करेंगे, जिससे दिन में संतुलन और सौम्यता का प्रभाव बना रहेगा। यदि शुभ कार्यों के लिए समय की बात करें, तो सोमवार को अभिजीत मुहूर्त दोपहर 12:13 से 12:56 बजे तक रहेगा। वहीं, अशुभ समय में किसी भी नए या महत्वपूर्ण कार्य से बचना उचित रहेगा। राहुकाल सुबह 08:27…

Aaj Ka Panchang 09 February 2026: 9 फरवरी 2026, सोमवार को फाल्गुन माह के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि रहेगी। इस दिन विशाखा नक्षत्र और वृद्धि योग का शुभ संयोग बन रहा है, जो धार्मिक कार्यों, जप-तप और शुभ संकल्पों के लिए अनुकूल माना जाता है। चंद्रमा तुला राशि में गोचर करेंगे, जिससे दिन में संतुलन और सौम्यता का प्रभाव बना रहेगा।

यदि शुभ कार्यों के लिए समय की बात करें, तो सोमवार को अभिजीत मुहूर्त दोपहर 12:13 से 12:56 बजे तक रहेगा। वहीं, अशुभ समय में किसी भी नए या महत्वपूर्ण कार्य से बचना उचित रहेगा। राहुकाल सुबह 08:27 से 09:50 बजे तक रहेगा।

पंचांग विवरण – Aaj Ka Panchang 09 February 2026

विक्रम संवत: 2082 (कालयुक्त)
शक संवत: 1947 (विश्वावसु)
मास:

फाल्गुन (पूर्णिमान्त)

माघ (अमान्त)

तिथि

अष्टमी — पूर्ण रात्रि तक

तत्पश्चात द्वितीया

नक्षत्र

विशाखा — पूर्ण रात्रि तक

इसके बाद शतभिषा

योग

वृद्धि — 10 फरवरी रात 12:52 बजे तक

इसके बाद ध्रुव योग

सूर्य एवं चंद्रमा का समय

सूर्योदय: सुबह 07:04 बजे

सूर्यास्त: शाम 06:07 बजे

चन्द्रोदय: 10 फरवरी, रात 01:19 बजे

चन्द्रास्त: सुबह 11:07 बजे

अशुभ काल

राहुकाल: सुबह 08:27 से 09:50 बजे तक

यमगण्ड: 11:13 बजे से 12:35 बजे तक

गुलिक काल: 01:58 बजे से 03:21 बजे तक

शुभ काल

अभिजीत मुहूर्त: दोपहर 12:13 से 12:56 बजे तक

ब्रह्म मुहूर्त: सुबह 05:21 से 06:12 बजे तक

Aaj Ka Panchang 09 February 2026: फाल्गुन कृष्ण अष्टमी का दिन पूजा-पाठ, ध्यान और आध्यात्मिक साधना के लिए विशेष फलदायी माना जाता है। शुभ मुहूर्त में किए गए कार्य सफलता प्रदान करते हैं, वहीं राहुकाल और अन्य अशुभ काल में महत्वपूर्ण कार्यों से परहेज करना बेहतर रहता है।

Shera Rajput