जादवपुर हमले में घायल युवक के पिता ने तोड़ा चुप्पी, बेटे से कोई संबंध नहीं

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पिता ने तोड़ी चुप्पी, कहा- बेटे से नहीं है संपर्क

कोलकाता के जादवपुर विश्वविद्यालय में पश्चिम बंगाल के शिक्षा मंत्री ब्रात्य बसु पर हुए हमले के दौरान घायल युवक के पिता ने इस घटना पर अपनी प्रतिक्रिया दी है। युवक के पिता अमृत बसु दक्षिण हावड़ा विधानसभा क्षेत्र के संकरैल ब्लॉक के सभापति और टीएमसी के नेता हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनका अपने बेटे से अब कोई संबंध नहीं है। उन्होंने बताया कि कोरोना के बाद से उनका बेटे से कोई संपर्क नहीं है और वे इसे एक गंभीर घटना मानते हैं।

अमृत बसु ने कहा कि उन्होंने अपने बेटे को जादवपुर विश्वविद्यालय में उच्च शिक्षा प्राप्त करने के लिए भेजा था, लेकिन वहां जाने के बाद उनका बेटा वामपंथी संगठनों से जुड़ गया, इसके बाद से उनका संपर्क उससे पूरी तरह से टूट गया। उन्होंने कहा, “मैंने सुना है कि मेरे बेटे को चोटें आई हैं, लेकिन इस घटना के बाद से हम दोनों के बीच कोई संपर्क नहीं हुआ है।”

अमृत बसु ने इस घटना की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि जो भी इस हमले में शामिल हैं, उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि ममता बनर्जी के समर्थक के रूप में वह हमेशा उनकी विचारधारा का पालन करते हैं और इस घटना की पूरी जांच होनी चाहिए। उन्होंने कहा, “यह घटना निंदनीय है और इस मामले में जिम्मेदार लोगों को सजा मिलनी चाहिए, चाहे वह मेरा बेटा ही क्यों न हो।”

अमृत बसु ने यह भी बताया कि वह ममता बनर्जी की पार्टी के प्रति अपने समर्पण को लेकर पूरी तरह से प्रतिबद्ध हैं, और उनका परिवार हमेशा तृणमूल कांग्रेस का समर्थक रहा है। उन्होंने अपने बेटे के साथ किसी भी प्रकार के संपर्क को नकारते हुए कहा कि उनका और उनके बेटे का कोई संबंध नहीं है।

अमृत बसु ने इस घटना को लोकतंत्र के लिए खतरा बताते हुए कहा कि यह एक गंभीर मुद्दा है, जिसकी जांच की आवश्यकता है। उन्होंने यह भी साफ किया कि अगर उनका बेटा इस घटना में दोषी पाया जाता है, तो उसे भी सजा मिलनी चाहिए।

News Desk

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