नई दिल्ली, 2 अक्टूबर (आईएएनएस)। दिल्ली विकास प्राधिकरण (डीडीए) ने उपराज्यपाल टीएस संधू के आदेश पर 736 पार्कों का ऑडिट पूरा करने के बाद 323 पार्कों में सीसीटीवी नेटवर्क को मजबूत करना, 520 पार्कों में अंधेरे स्थानों के पास रोशनी बढ़ाना और सुरक्षा मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) को अपनाना शुरू कर दिया है। एक अधिकारी ने शुक्रवार को यह जानकारी दी।
विवरण में कहा गया कि सभी डीडीए पार्कों के ऑडिट के बाद, इन्हें प्राथमिकता के आधार पर हस्तक्षेप के लिए उच्च जोखिम (190), मध्यम जोखिम (258), और कम जोखिम (288) श्रेणियों में वर्गीकृत किया गया था।
इसमें आगे कहा गया कि पिछले सप्ताह किए गए ऑडिट के आधार पर 106 पार्कों में काम पहले ही पूरा हो चुका है।
ऑडिट में पाया गया कि 16 पार्कों में सीसीटीवी सिस्टम उपलब्ध हैं और 323 अतिरिक्त पार्कों को स्थापना के लिए चिन्हित किया गया है।
इसमें यह भी कहा गया कि डीडीए ने बताया कि 115 पार्कों में सुरक्षा सूचना बोर्ड लगाए जा चुके हैं और 484 अतिरिक्त साइनबोर्ड लगाने का काम अभी जारी है।
डीडीए ने आगे कहा कि पहचाने गए 399 पार्कों में से 233 में पार्क की सीमा संबंधी समस्याओं का समाधान किया गया है और टूटी हुई ग्रिलों की मरम्मत और प्रतिस्थापन का काम पूरा हो चुका है।
शौचालयों और परित्यक्त ढांचों के आसपास के संवेदनशील क्षेत्रों की भी पहचान की गई है और उन पर सुधारात्मक कार्रवाई की जाएगी।
इसके अतिरिक्त, 245 प्रमुख पार्कों में रात्रि गश्त शुरू कर दी गई है। ‘उच्च जोखिम’ श्रेणी में रखे गए 134 पार्कों के लिए सुरक्षा कर्मियों की मांग भेजी गई है।
बयान में कहा गया है कि इन मुद्दों पर चर्चा करने के लिए 28 सितंबर को विशेष ड्यूटी अधिकारी की अध्यक्षता में सभी सुरक्षा एजेंसियों के साथ एक बैठक आयोजित की गई थी। इसमें यह भी बताया गया है कि 602 पार्कों में सुरक्षा गार्डों के लिए बायोमेट्रिक उपस्थिति प्रणाली सक्रिय कर दी गई है और शेष पार्कों में इसे लागू करने की प्रक्रिया जारी है।
डीडीए ने कहा कि घटना की रिपोर्टिंग और समन्वय में सुधार के लिए स्थानीय पुलिस और बीट अधिकारियों के संपर्क विवरण फील्ड स्टाफ के साथ साझा किए गए हैं और फील्ड स्टाफ भी स्थानीय पुलिस और बीट अधिकारियों के संपर्क विवरण साझा कर सकता है।
सभी पार्कों में संपर्क विवरण का वितरण शत प्रतिशत हो चुका है।
बयान में कहा गया है कि डीडीए पार्कों में सुरक्षा मानक संचालन (एसओपी) को अपनाने पर गश्त, गार्ड के प्रदर्शन, पर्यवेक्षकों की जवाबदेही, उपस्थिति, रिपोर्टिंग और पुलिस समन्वय पर ध्यान केंद्रित किया गया है।
डीडीए ने पार्क से संबंधित सुरक्षा चिंताओं की पहचान करने और सुधारात्मक कार्रवाई निर्धारित करने के लिए स्थानीय निवासी कल्याण संघों के साथ व्यवस्थित संवाद भी शुरू किया है।
–आईएएनएस
एमएस/
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