हुबली (कर्नाटक), 7 अप्रैल (आईएएनएस)। कर्नाटक के मुख्यमंत्री के रूप में उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार के पदभार संभालने की अटकलों के बीच राज्य कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि समय ही सब कुछ स्पष्ट कर देगा। राज्य में ईंधन की स्थिति पर उन्होंने कहा कि खाड़ी देशों से ईंधन लेकर आए दो जहाज मंगलुरु या केरल बंदरगाहों के बजाय गुजरात गए हैं। उन्होंने केंद्र पर केवल उत्तर भारत की ओर देखने और दक्षिण भारत की उपेक्षा करने का आरोप लगाया।
मंगलवार को हुबली हवाई अड्डे पर मीडिया द्वारा चुनाव के बाद मुख्यमंत्री बनने की अटकलों के बारे में पूछे जाने पर शिवकुमार ने कहा कि समय ही सब कुछ स्पष्ट कर देगा।
शिवकुमार ने आगे कहा कि राज्य में नेतृत्व परिवर्तन के मुद्दे पर उनके और मुख्यमंत्री के अलावा किसी और द्वारा दिए गए बयान महत्वपूर्ण नहीं हैं।
शिवकुमार ने कहा कि मैं कांग्रेस पार्टी का प्रदेश अध्यक्ष हूं। सत्ता परिवर्तन के सवाल पर केवल मुख्यमंत्री और मेरे द्वारा दिए गए बयान ही प्रासंगिक हैं। दूसरों की टिप्पणियां गौण हैं।
गृह मंत्री परमेश्वर के उस बयान के बारे में पूछे जाने पर कि सिद्धारमैया 2028 तक मुख्यमंत्री बने रहेंगे, उन्होंने कहा, “मैं दूसरों के बयानों पर प्रतिक्रिया नहीं देता।”
चुनाव के बाद नेतृत्व परिवर्तन पर चर्चा होगी या नहीं, इस सवाल पर उन्होंने कहा कि आपको इसे मुद्दा बनाने की कोई आवश्यकता नहीं है।
दो निर्वाचन क्षेत्रों में उपचुनाव के बारे में उन्होंने कहा कि मैंने दावणगेरे दक्षिण और बागलकोट दोनों का दौरा किया है। चुनाव प्रचार बहुत अच्छा रहा है। हम दोनों निर्वाचन क्षेत्रों में जीतेंगे। लोग हमारी सरकार के कार्यक्रमों से संतुष्ट हैं।
भाजपा लगातार बढ़ती महंगाई पर कुछ नहीं बोल रही है। केंद्र सरकार ने भी कोई राहत योजना घोषित नहीं की है। हमारी पांच गारंटी योजनाओं से जनता को कुछ हद तक मदद मिली है। हमें दोनों निर्वाचन क्षेत्रों में जीत का पूरा भरोसा है और कोई समस्या नहीं है।
केंद्र सरकार की आलोचना करते हुए शिवकुमार ने उस पर दक्षिण भारत की उपेक्षा करने का आरोप लगाया।
केंद्रीय मंत्री प्रल्हाद जोशी के कुकिंग गैस के विकल्प के रूप में पेट्रोल के इस्तेमाल के सुझाव पर प्रतिक्रिया देते हुए, उन्होंने कहा कि जोशी को हमारे राज्य के हित में काम करना चाहिए। खाड़ी देशों से ईंधन लेकर दो जहाज गुजरात गए, वे मंगलुरु या केरल के बंदरगाहों पर क्यों नहीं आए? वे सिर्फ उत्तर भारत की ओर देख रहे हैं और दक्षिण भारत की उपेक्षा कर रहे हैं।
–आईएएनएस
एमएस/
(This content is sourced from a syndicated feed and is published as received. Punjab Kesari assumes no responsibility or liability for its accuracy, completeness, or content.)


Download Android App
Download iOS App



