गाजियाबाद, 31 अक्टूबर (आईएएनएस)। आचार्य प्रमोद कृष्णम ने शनिवार को मौजूदा राजनीति की तुलना महाभारत से करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ‘अर्जुन’ हैं और वे सभी चक्रव्यूहों को तोड़ देंगे। उन्होंने दावा किया कि 2029 में प्रधानमंत्री के रूप में उनके चौथे कार्यकाल के लिए होने वाला शपथ ग्रहण समारोह पूरे देश में गूंजेगा।
मीडिया से बात करते हुए आचार्य प्रमोद कृष्णम ने कहा कि राहुल गांधी के नेतृत्व में पूरा कौरव कुल और कौरव गुट एक साथ आ रहा है। सभी कौरव एकजुट होकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर हमला कर रहे हैं और उन्हें अभिमन्यु समझ रहे हैं। विपक्ष में इकट्ठा हुए इन सभी कौरवों, सभी महान योद्धाओं और पूरे कौरव कुल को यह अच्छी तरह समझ लेना चाहिए कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अभिमन्यु नहीं हैं, वे अर्जुन हैं। प्रधानमंत्री मोदी सभी चक्रव्यूहों को तोड़ देंगे।
आचार्य प्रमोद कृष्णम ने कहा प्रधानमंत्री मोदी सभी चक्रव्यूहों को तोड़ देंगे और 2029 में यह शपथ गूंजेगी, ‘मैं, नरेंद्र मोदी, भारत के प्रधानमंत्री के रूप में चौथी बार शपथ लेता हूं।
आचार्य प्रमोद कृष्णम ने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे पर भी निशाना साधा और कहा कि वे अब तरस खाने लायक हो गए हैं।
उन्होंने कहा कि मल्लिकार्जुन खड़गे अब तरस खाने लायक हो गए हैं। उनमें अब कोई चिंगारी नहीं बची है। एक इस्तेमाल हो चुका कारतूस और बुझी हुई राख कभी धमाका नहीं कर सकती।
उनकी यह टिप्पणी पटना में एक कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री मोदी पर खड़गे की विवादास्पद टिप्पणी को लेकर मचे राजनीतिक हंगामे के बीच आई है। इस हंगामे के बीच कांग्रेस के वरिष्ठ नेता अधीर रंजन चौधरी पार्टी अध्यक्ष के बचाव में उतरे और इस विवाद को ‘राई का पहाड़ बनाने’ की कोशिश करार दिया।
चौधरी ने कहा कि खड़गे की टिप्पणी लाक्षणिक थी, जो स्थानीय बोलचाल की भाषा से जुड़ी है और इसे शाब्दिक अर्थ में नहीं लिया जाना चाहिए।
उन्होंने कहा कि इस बात का मतलब यह था कि प्रधानमंत्री मोदी से भी अधिक ताकतवर व्यक्ति को हराया जा सकता है। हमारे देश की सरकार हमेशा कहीं न कहीं कोई छोटी-मोटी कमी ढूंढने की कोशिश करती है। उन्हें राई का पहाड़ बनाना बखूबी आता है। हमारे अध्यक्ष ने जो कहा, वह लाक्षणिक अर्थ में था कि प्रधानमंत्री मोदी से भी अधिक ताकतवर व्यक्ति को हराया जा सकता है।
चौधरी ने कहा कि यह एक स्थानीय मुहावरा है। इसका मतलब यह है कि कोई व्यक्ति प्रधानमंत्री मोदी से भी अधिक ताकतवर हो सकता है। इसे लाक्षणिक रूप में इस्तेमाल किया गया था।
–आईएएनएस
डीकेएम/वीसी
(This content is sourced from a syndicated feed and is published as received. Punjab Kesari assumes no responsibility or liability for its accuracy, completeness, or content.)


Download Android App
Download iOS App



