अयोध्या, 7 नवंबर (आईएएनएस)। रामपथ पर रामायण साकार हो उठी। ढोल-नगाड़ों की गूंज, लोक कलाकारों की थिरकन और जय श्रीराम के उद्घोष के बीच जब रथों पर सजी झांकियां आगे बढ़ीं तो लगा मानो त्रेतायुग अयोध्या की धरती पर उतर आया हो। कहीं प्रभु श्रीराम, लक्ष्मण और माता सीता के दिव्य स्वरूप, कहीं गदा उठाए बजरंगबली का पराक्रम। रामायण के प्रसंगों का सजीव मंचन श्रद्धालुओं को भावविभोर कर रहा था। शोभायात्रा में महिला कलाकार कंधों पर ढोल रखकर थाप दे रही थीं।
नगाड़ों और ताशों की गूंज के बीच कलाकारों के करतब और विभिन्न राज्यों के लोकनृत्य रामपथ को उत्सव के विराट मंच में बदल रहे थे। दर्शकों की आंखों में श्रद्धा, चेहरों पर उल्लास और वातावरण में रामनाम की गूंज। दसवें दीपोत्सव की शोभायात्रा में आस्था, संस्कृति और परंपरा का ऐसा संगम दिखाई दिया, जिसने अयोध्या की भव्यता को एक नया आयाम दिया। साकेत महाविद्यालय से पर्यटन मंत्री जयवीर सिंह ने शोभायात्रा को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। करीब तीन किलोमीटर का सफर तय कर शोभायात्रा रामकथा पार्क पहुंची।
इस बार शोभायात्रा में 21 भव्य झांकियां शामिल हैं। इनमें 14 झांकियां योगी सरकार की उपलब्धियों और सात झांकियां रामायण के सातों कांडों पर आधारित हैं। बालकांड में रामजन्म और बाल लीलाओं से लेकर अयोध्याकांड में वनगमन, अरण्यकांड में वनवास के प्रसंग, किष्किन्धाकांड में सुग्रीव और हनुमान से मिलन, सुंदरकांड में बजरंगबली का पराक्रम, लंकाकांड में रावण के साथ युद्ध और उत्तरकांड की कथा को दृश्य रूप में प्रस्तुत किया गया। एक के बाद एक आगे बढ़ती झांकियां दर्शकों को रामायण की संपूर्ण गाथा का दर्शन करा रही थीं।
जल जीवन मिशन, ओडीओपी, कृषि एवं पशुपालन, आयुष्मान कैशलेस योजना, स्वच्छ एवं हरित उत्तर प्रदेश, विकसित भारत, उत्तर प्रदेश पुलिस, मिशन शक्ति, प्रधानमंत्री आवास योजना, पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना, आत्मनिर्भर नारी, बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ और डिफेंस इंडस्ट्रियल कॉरिडोर की झांकियों में प्रदेश की विकास यात्रा भी दिखाई दी। विभिन्न राज्यों से आए कलाकारों के लोकनृत्य और पारंपरिक प्रस्तुतियों ने शोभायात्रा को सांस्कृतिक विविधता का अद्भुत संगम बना दिया। शोभायात्रा की भव्यता देखकर पर्यटन मंत्री जयवीर सिंह ने कहा कि दीपोत्सव अलौकिक, दिव्य और भव्य है। आज शाम होने वाला दीपोत्सव का कार्यक्रम भी अत्यंत भव्य होगा। सनातनियों के लिए इससे बड़ा गौरव का पर्व कोई हो ही नहीं सकता।
उन्होंने कहा कि हम हर वर्ष पिछले वर्ष का अपना ही रिकॉर्ड तोड़ते हैं और इस बार भी नया कीर्तिमान स्थापित करेंगे। दीपोत्सव अब केवल उत्तर प्रदेश का आयोजन नहीं, बल्कि पूरे विश्व का पर्व बन चुका है। सातों कांडों की झांकियां राम में अयोध्या, सनातन में अयोध्या और विरासत में अयोध्या का दर्शन करा रही हैं। शोभायात्रा के साक्षी बने उन्नाव के सुशील कुमार ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कार्यकाल में अयोध्या का ऐसा दिव्य और भव्य स्वरूप देखने को मिल रहा है। दीपोत्सव और शोभायात्रा देखकर मन आनंदित हो गया। जौनपुर से आए राम कुमार ने रामायण की झांकियों और कलाकारों की प्रस्तुतियों को सराहा। बलरामपुर की सुशीला ने कहा कि रामकथा के सजीव मंचन और लोक कलाकारों की प्रस्तुतियों ने मन मोह लिया।
रामपथ पर विराजमान दर्शक और श्रद्धालु शोभायात्रा के हर दृश्य को अपलक निहारते रहे। प्रभु श्रीराम के स्वरूपों के दर्शन कर कई श्रद्धालु भावविभोर हो उठे। किसी की आंखें श्रद्धा से नम थीं तो कोई हाथ जोड़कर रामनाम में लीन नजर आया। जय श्रीराम के उद्घोष, ढोल-नगाड़ों की गूंज और रामायण के जीवंत प्रसंगों के बीच पूरा रामपथ भक्ति और उल्लास से सराबोर हो उठा। ऐसा प्रतीत हो रहा था मानो अयोध्या की धरती पर रामकथा केवल दिखाई नहीं दे रही, बल्कि जन-जन के हृदय में उतर रही हो।
–आईएएनएस
विकेटी/पीएम
(This content is sourced from a syndicated feed and is published as received. Punjab Kesari assumes no responsibility or liability for its accuracy, completeness, or content.)


Download Android App
Download iOS App



