आतंकी हमले में हो सकता है रोहिंग्याओं का इस्तेमाल : J-K विधानसभा स्पीकर

Summary :

NULL

जम्मू के सुंजवां सेना कैंप पर जैश के आत्मघाती हमले पर जम्मू-कश्मीर विधानसभा के स्पीकर ने हैरान करने वाला बयान दिया है। स्पीकर कवींद्र गुप्ता ने कहा है कि इस हमले में रोहिंग्या शरणार्थियों का इस्तेमाल होना भी संभव है।

विधानसभा स्पीकर कवींद्र गुप्ता ने अपने बयान में कहा है कि जिस जगह ये हमला हुआ है, वहां आसपास रोहिंग्या शरणार्थी भी रहते हैं. कवींद्र गुप्ता ने कहा कि ऐसी स्थिति में इस बात की भी आशंका है कि हमले में रोहिंग्या शरणार्थियों का उपयोग किया गया हो।

दरअसल, म्यांमार से विस्थापित रोहिंग्या बड़ी संख्या में जम्मू में शरण लिए हुए हैं। अक्सर इन शरणार्थियों के आतंकी गतिविधियों में शामिल होने की आवाज उठती रही हैं। हालांकि, आधिकारिक तौर पर आज तक किसी रोहिंग्या शरणार्थी के आतंकी घटनाओं में शामिल होने की जानकारी नहीं मिली है।

ऐसे में जम्मू-कश्मीर के विधानसभा स्पीकर का ये कहना कि हमले में रोहिंग्या शरणार्थियों को हथियार बनाया जा सकता है, रोहिंग्या को लेकर चली बहस को नया रूप देने वाला है।

विधानसभा में नारेबाजी

 इधर जम्मू-कश्मीर विधानसभा में इस हमले का गुस्सा दिख रहा है। यहां विधायकों ने पाकिस्तान मुर्दाबाद के नारे लगाए। बता दें कि जम्मू कश्मीर के सुंजवां आर्मी कैंप पर हुए आतंकी हमले में एक जवान शहीद हो गया है, जबकि सात लोगों के घायल होने की खबर आ रही है। इनमें सेना के एक मेजर, दो जेसीओ, दो महिलाएं और दो बच्चे शामिल हैं। आर्मी चीफ जनरल बिपिन रावत ने रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमन को सुंजुवां में चल रहे ऑपरेशन और हालिया स्थिति के बारे में जानकारी दी है। इस बीच गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने जम्मू कश्मीर के डीजीपी से बात की है।

आतंकियों ने ये आत्मघाती हमला शनिवार को तड़के सुबह 5 बजे के आसपास किया। जानकारी के मुताबिक, 3-4 आतंकी कैंप के पीछे के इलाके से जाली काटकर अंदर घुसे। इसके बाद उन्होंने गोलीबारी शुरू की।

 

24X7 नई खबरों से अवगत रहने के लिए क्लिक करे।

 

Desk Team