विधायकों के निलंबन रद्द के फैसले को नड्डा ने बताया सत्य की विजय, कहा- MVA कर रही लोकतंत्र के विरुद्ध कार्य

Summary :

भाजपा के अध्यक्ष जे पी नड्डा ने सुप्रीम कोर्ट के उस फैसले का स्वागत किया, जिसमें उसने भाजपा के 12 विधायकों के महाराष्ट्र विधानसभा से निलंबन को ‘असंवैधानिक’ और ‘तर्कहीन’ करार दिया।

भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के अध्यक्ष जे पी नड्डा ने शुक्रवार को सुप्रीम कोर्ट के उस फैसले का स्वागत किया, जिसमें उसने भाजपा के 12 विधायकों के महाराष्ट्र विधानसभा से निलंबन को ‘असंवैधानिक’ और ‘तर्कहीन’ करार दिया। नड्डा ने सिलसिलेवार ट्वीट कर कहा कि महाराष्ट्र की महा विकास अघाड़ी सरकार के संविधान और लोकतंत्र के विरुद्ध कार्यों को सर्वोच्च अदालत द्वारा रोका जाना ‘‘सत्य की विजय’’ है।
12 विधायकों के निलंबन को रद्द करने के फैसले का नड्डा ने किया स्वागत 
भाजपा विधायकों को बधाई देते हुए उन्होंने कहा कि भाजपा महाराष्ट्र सरकार की गैर संवैधानिक गतिविधियों के खिलाफ निरंतर आवाज उठाती रहेगी। उन्होंने कहा, ‘‘महाराष्ट्र विधानसभा के मानसून सत्र में अन्य पिछड़ा वर्ग के अधिकारों की लड़ाई लड़ रहे महाराष्ट्र भाजपा के 12 विधायकों के निलंबन को रद्द करने के सुप्रीम कोर्ट के फैसले का हृदय से स्वागत करता हूं। भाजपा सदैव भारतीय संविधान और लोकतंत्र के अंतर्गत, जनता के हक की लड़ाई लड़ती आई है।’’
SC ने 12 विधायकों के निलंबन को बताया  ”असंवैधानिक” और ”तर्कहीन”
सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को कहा कि भाजपा के 12 विधायकों को जुलाई 2021 के शेष सत्र की अवधि के बाद निलंबित करने का प्रस्ताव ”असंवैधानिक” और ”तर्कहीन” है। सुप्रीम कोर्ट ने 12 विधायकों की याचिकाओं पर अपना फैसला सुनाया, जिन्होंने राज्य विधानसभा से एक साल के निलंबन को चुनौती दी थी। विधायकों को अध्यक्ष के कक्ष में पीठासीन अधिकारी भास्कर जाधव के साथ दुर्व्यवहार करने के आरोप में पिछले साल पांच जुलाई को विधानसभा से निलंबित कर दिया गया था।

Desk Team