मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान 3 जनवरी को तीसरी बार अपने मंत्रिमंडल का विस्तार करने जा रहे हैं। इस मंत्रिमंडल विस्तार में उपचुनाव में जीते बीजेपी नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया के समर्थकों को शामिल किए जाने की संभावना है। अधिकारी ने बताया कि मंत्रिमंडल का विस्तार तीन जनवरी को दोपहर करीब 12.30 बजे होने की उम्मीद है।
उन्होंने कहा कि इसके बाद मध्यप्रदेश हाई कोर्ट के नवनियुक्त मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति मोहम्मद रफीक भी दोपहर करीब तीन बजे शपथ लेंगे। मध्यप्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल नए मंत्रियों एवं मुख्य न्यायाधीश को पद की शपथ दिलाएंगी। वह उत्तरप्रदेश की भी राज्यपाल हैं।
रफीक वर्तमान में उड़ीसा हाई कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश हैं और उन्हें वहां से स्थानांतरित कर 31 दिसंबर को मध्य प्रदेश हाई कोर्ट का नया मुख्य न्यायाधीश बनाया गया है। मध्य प्रदेश की 28 विधानसभा सीटों पर तीन नवंबर को हुए उपचुनाव के परिणाम आने के बाद से ही इस मंत्रिमंडल के विस्तार की चर्चा राजनीतिक गलियारों में चल रही थी।
इस उपचुनाव में बीजेपी ने 28 में से 19 सीटें जीती थी, जबकि मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस को मात्र नौ सीटें मिली। इससे 230 सदस्यों के सदन में बीजेपी की सीटें बढ़कर 126 हो गई, जबकि कांग्रेस विधायकों की संख्या 96 पहुंच गई। जिन 28 सीटों पर उपचुनाव हुए थे, इनमें से अधिकांश सीटें कांग्रेस विधायकों द्वारा इस्तीफा देकर बीजेपी में शामिल होने से खाली हुई थी।
इस मंत्रिमंडल विस्तार मेंज्योतिरादित्य सिंधिया के समर्थकों तुलसीराम सिलावट एवं गोविन्द सिंह राजपूत को शामिल किया जा सकता है। इन दोनों को पिछले साल 21 अप्रैल को शिवराज सिंह चौहान के मंत्रिमंडल में शामिल किया गया था, लेकिन तब वह विधायक नहीं थे।
इसके चलते उन्हें नवंबर में हुए उपचुनाव से ठीक पहले छह माह पूरे होने से एक दिन पहले मंत्री पद से इस्तीफा देना पड़ा था। इस उपचुनाव में तीन मंत्री एदल सिंह कंषाना, इमरती देवी एवं गिर्राज दंडोतिया चुनाव हार गये, जिसकी वजह से उन्हें अपने मंत्री पद से इस्तीफा देना पड़ा है।


Download Android App
Download iOS App



