स्टार्टअप को बढ़ावा देने के लिए निजी उद्योग के साथ की गई साझेदारी : राजनाथ सिंह

Summary :

रक्षा मंत्री ने कहा, हमारी सरकार पूरी तरह से सचेत है कि रक्षा विनिर्माण क्षेत्र में नवीनतम प्रवेशकों के रूप में स्टार्टअप्स को अतिरिक्त ज़ोर की आवश्यकता है।

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह आज बेंगलुरु में ‘एयरो इंडिया 2021’ के तहत आयोजित किए गए स्टार्ट एप मैराथन में हिस्सा लेने पहुंचे। यहां उन्होंने रक्षा क्षेत्र में स्टार्टअप को लेकर मंत्रालय की योजनाओं को लेकर अपना बयान दिया। रक्षा मंत्री ने कहा कि हमारी सरकार पूरी तरह से सचेत है कि रक्षा विनिर्माण क्षेत्र में स्टार्टअप्स को लाने की अति आवश्कता है।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने बताया कि डिफेंस इंडिया स्टार्ट-अप चैलेंज (DISC) में 1200 से अधिक स्टार्ट-अप और इनोवेटर्स ने हिस्सा लिया है। DISC चैलेंज में 30 तकनीकी क्षेत्रों में 60 से अधिक स्टार्ट-अप है। उन्होंने कहा कि स्टार्टअप इंडिया तीन प्रमुख स्तंभों ‘सरलीकरण और हैंडहोल्डिंग, फंडिंग और प्रोत्साहन और उद्योग-अकादमी भागीदारी’ पर आधारित था।

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उन्होंने कहा, भारत की सामरिक स्वायत्तता को बनाए रखने के लिए रक्षा उपकरणों के निर्माण में आत्मनिर्भरता एक महत्वपूर्ण कारक है। iDEX पहल हमारे देश में निर्मित सबसे प्रभावी और अच्छी तरह से क्रियान्वित रक्षा स्टार्ट-अप पारिस्थितिकी प्रणालियों में से एक है।” 
रक्षा मंत्री ने कहा, हमारी सरकार पूरी तरह से सचेत है कि रक्षा विनिर्माण क्षेत्र में नवीनतम प्रवेशकों के रूप में स्टार्टअप्स को अतिरिक्त ज़ोर की आवश्यकता है। इस उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए, हमने निजी उद्योग के साथ इस साझेदारी को बढ़ावा देने और प्रोत्साहित करने के लिए कई कदम उठाए हैं।

Desk Team