Bihar Jamui Viral Video Case: नाबालिग से बदसलूकी का वीडियो वायरल करने वालों पर कसता शिकंजा, 120 सोशल मीडिया अकाउंट्स पर दर्ज एफआईआर

Summary :

बिहार के जमुई में नाबालिग छात्र-छात्रा से बदसलूकी का वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने आरोपियों पर कार्रवाई के साथ-साथ पीड़िता की पहचान उजागर करने वालों के खिलाफ भी सख्त रुख अपनाया है। सोशल मीडिया पर बिना चेहरा ब्लर किए वीडियो शेयर करने वाले अकाउंट्स पर केस दर्ज किया गया है। एसपी विश्वजीत दयाल ने चेतावनी दी है कि POCSO एक्ट की धारा 23 के तहत नाबालिग पीड़िता की पहचान उजागर करना गंभीर अपराध है, और ऐसा करने वालों पर भारी जुर्माना और कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

बिहार के जमुई में नाबालिग छात्र-छात्रा के साथ बदसलूकी और बैड टच करने की वीडियो वायरल होने के बाद अब पुलिस ने जांच और कानूनी कार्रवाई तेज कर दी है। मुख्य आरोपियों को पकड़ने के साथ-साथ पुलिस अब उन लोगों पर भी कड़ी कार्रवाई कर रही है, जिन्होंने लड़की की पहचान उजागर की है।
सोशल मीडिया पर जिन लोगों ने लड़की का चेहरा बिना ब्लर किए वीडियो शेयर किया था, उन अकाउंट्स और यूज़र्स के खिलाफ केस दर्ज कर लिया गया है।

एसपी (पुलिस अधीक्षक) विश्वजीत दयाल ने साफ चेतावनी दी है कि सोशल मीडिया पर जो लोग इस तरह की लापरवाही दिखाएंगे और नियम तोड़कर वीडियो आगे भेजेंगे, उन्हें किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।

उन्होंने बताया कि किसी भी नाबालिग पीड़िता की पहचान उजागर करना कानूनन बहुत बड़ा अपराध है। पॉक्सो (POCSO) एक्ट की धारा 23 के तहत पीड़िता की पहचान ज़ाहिर करने पर भारी जुर्माना और सख्त सजा का नियम है।

फेसबुक, इंस्टाग्राम और एक्स के 120 अकाउंट्स पर नजर

Social Media
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साइबर सेल और टेक्निकल टीम की जांच में ऐसे 120 सोशल मीडिया अकाउंट्स मिले हैं, जिन्होंने सिर्फ व्यूज के लिए बिना चेहरा छिपाए वीडियो डाला था। इनमें फेसबुक, इंस्टाग्राम और एक्स के अकाउंट शामिल हैं। पुलिस ने इन सभी 120 अकाउंट्स से वीडियो टेकडाउन की प्रक्रिया शुरू कर दी है और इनके यूजर्स की पहचान कर उन पर कानूनी शिकंजा कस रही है।

वीडियो शेयर न करें, तुरंत डिलीट करें

एसपी विश्वजीत दयाल ने लोगों से अपील की है कि वे इस संवेदनशील मामले में समझदारी दिखाएं। इस वीडियो को किसी भी हालत में डाउनलोड, शेयर या पोस्ट न करें। अगर किसी के फोन या व्हाट्सएप ग्रुप में यह वीडियो आता है, तो इसे आगे भेजने की जगह तुरंत डिलीट कर दें।

पुलिस ने सख्त हिदायत दी है कि नाबालिग की पहचान बताने या वीडियो फैलाने पर पॉक्सो एक्ट की धारा 23 और जेजे (JJ) एक्ट की धारा 74 के तहत ऐसी धाराओं में कार्रवाई होगी, जिनमें जमानत भी नहीं मिलती।

क्या है मामला? (Jamui Viral Video Case)

Bihar Jamui Viral Video Case
Bihar Jamui Viral Video Case (Source: Social Media)

लड़की 10वीं क्लास की स्टूडेंट है और लड़का-लड़की दोनों ही नाबालिग हैं। 19 सितंबर को दोनों कोचिंग के बाद स्कूटी से मड़वा पहाड़ घूमने गए थे। लौटते समय रास्ते में कुछ लड़कों ने उन्हें रोक लिया और बदतमीजी करने लगे। वहां मौजूद कुछ लड़कों ने इस पूरी घटना का वीडियो बना लिया।

दोनों किसी तरह बचने की कोशिश करते रहे, लेकिन इसी बीच एक लड़के ने लड़की को गलत तरीके से छुआ। यह सब करीब 20 से 25 मिनट तक चलता रहा। बाद में कुछ लड़कों ने उन्हें जाने का रास्ता दिया, तब जाकर दोनों नाबालिग वहां से किसी तरह बचकर निकल पाए।

Khushi Srivastava

खुशी श्रीवास्तव मीडिया इंडस्ट्री में करीब 3 साल का अनुभव रखती हैं। वायरल कंटेंट, लाइफस्टाइल, हेल्थ और वास्तु शास्त्र टिप्स पर प्रमुखता से काम किया है। इलाहाबाद विश्वविद्यालय, प्रयागराज से मास्टर ऑफ मास कम्यूनिकेशन की पढ़ाई के बाद पहली बार पत्रकारिता के श्रेत्र में कदम रखा। इसके बाद अमर उजाला प्रिंट (प्रयागराज) में इंटर्नशिप की। फिलहाल खुशी, पंजाब केसरी दिल्ली के डिजिटल प्लैटफॉर्म के लिए कंटेंट राइटिंग का काम करती हैं।