बिहार के डीजीपी मुकदर्शक क्यो : ललन कुमार

Summary :

प्राणी की तरह गुहार लगाता हो तो और किसी का क्या औकात रह जाताहैए यही कारण है कि बिहार मे अनलिमिटेड संगीन अपराध मे बेतहाशा वृद्धि हुई है ।

पटना : युवा कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष ललन कुमार ने कहा कि बिहार पुलिस के डीजीपी के.एस.दिवेदी का यह कहना कि हमारी बात सुबे के एसपी नही सुनते है। क्योंकि सुबे के एसपी का ट्रांसफर पोस्टिंग गृहमंत्री के हैसियत से नीतीश कुमार जी करते है और वही एससी डीजीपी का बात नही सुनता मतलब साफ है कि एसपी को सिर्फ गृहमंत्री को सुनने का निर्देश दिया गया होगा । यह आरोप किसी राजनेता या बिरोधी दल के किसी नेता का नही है बल्कि खुद डीजीपी साहब ने एक पत्र लिखकर इस दर्द को बताया है ।

बिहार सरकार के मुख्यमंत्री नीतिश कुमार ही गृह मंत्री भी ह,अपने ही बिभाग के डीजीपी को दंतहीन बना दिया है जिसका खामियाजा बिहार के ग्यारह करोड भोली भाली जनता को भुगतना पड रहा है । यही कारण है कि बिहार मे अपराधी बेलगाम हो गये है और पुलिस प्रशासन मुकदरशक बनी हुई है । जब पुलिस बिभाग का मुखिया निरीह प्राणी की तरह गुहार लगाता हो तो और किसी का क्या औकात रह जाताहैए यही कारण है कि बिहार मे अनलिमिटेड संगीन अपराध मे बेतहाशा वृद्धि हुई है ।

Desk Team