मनीला : एशियाई विकास बैंक (एडीबी) के अध्यक्ष ताकेहिको नकाओ ने कहा कि एडीबी के लिये चीन की अगुवाई वाला एआईआईबी कोई खतरा नहीं है और दोनों संस्थान पूरे एशिया में बड़े पैमाने पर निवेश जरूरतों को पूरा करने में सहयोग कर सकते हैं। बैंक की सालाना बैठक शुरू होने से पहले संवाददाता सम्मेलन में नकाओ ने कहा कि देशों के बीच जारी व्यापार विवाद चिंता का विषय है और व्यापार तथा निवेश के संदर्भ में अर्थव्यवस्थाओं को खोले रखने का हर संभव प्रयास होना चाहिए।
एडीबी एशियाई देशों में गरीबी दूर करने के लिये वित्त और सहायता की जरूरतों के बदलते स्वरूप से निपटने के लिये दीर्घकालीन रणनीति ‘रणनीति 2030’ तैयार कर रहा है। इस बारे में नकाओ ने कहा कि नई रणनीति जलवायु परिवर्तन से जुड़े मुद्दों के साथ-साथ वित्त पोषण जरूरतों को पूरा करने के लिये निजी क्षेत्र को शामिल करने समेत अन्य बातों पर गौर करेगा।
यह पूछे जाने पर कि क्या क्षेत्र में चीन के बढ़ते दबदबे के साथ एशियाई बुनियादी ढांचा निवेश बैंक (एआईआईबी) द्वारा आक्रमक तरीके से कर्ज देने को देखते हुए रणनीति 2030 तैयार की जा रही है, नकाओ ने कहा, ‘‘कर्ज देने और हमसे कर्ज लेने के मामले में अंतरराष्ट्रीय समुदाय में चीन काफी महत्वपूर्ण देश बनता जा रहा है। लेकिन रणनीति 2030 शुरू करने का यह कोई कारण नहीं है।’’
देश और दुनिया का हाल जानने के लिए जुड़े रहे पंजाब केसरी के साथ।


Download Android App
Download iOS App



