सूरजमल विहार में करंट लगने से युवक की मौत, अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज

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East Delhi Crime News : शाहदरा डिस्ट्रिक्ट के सूरजमल विहार इलाके में गुरुवार सुबह करंट लगने से हुई संदीप (28) की मौत के मामले में आनंद विहार पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। परिजनों ने जवान बेटे की मौत के पीछे किसी अनहोनी की आशंका जताई थी। उसका फोन भी गायब है। मगर पुलिस ने हत्या किए जाने की बात से साफ इनकार किया है। पुलिस अधिकारी के मुताबिक इस बाबत अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ बीएनएस की धारा 289 (लापरवाही) और 106 (लापरवाही से मौत का कारण बनना) के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर…

East Delhi Crime News : शाहदरा डिस्ट्रिक्ट के सूरजमल विहार इलाके में गुरुवार सुबह करंट लगने से हुई संदीप (28) की मौत के मामले में आनंद विहार पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। परिजनों ने जवान बेटे की मौत के पीछे किसी अनहोनी की आशंका जताई थी। उसका फोन भी गायब है। मगर पुलिस ने हत्या किए जाने की बात से साफ इनकार किया है।

पुलिस अधिकारी के मुताबिक इस बाबत अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ बीएनएस की धारा 289 (लापरवाही) और 106 (लापरवाही से मौत का कारण बनना) के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस सूत्रों की माने तो शुरुआत जांच में पोस्टमार्टम करने वाले डॉक्टरों ने भी करंट लगना संदीप की मौत का कारण बताया है।यहां बता दें कि कि गुरुवार सुबह बिहारी कॉलोनी में रहने वाला संदीप मेडिकल नर्सिंग केयर का काम करता था। गत 26-27 अगस्त की रात वह काम खत्म कर घर लौट रहा था।

सोमनाथ मार्ग के डिवाइडर पर लगे बिजली के स्ट्रीट लाइट पोल के पास बने गड्ढे में उनका पैर फंस गया और करंट लगने से उसकी मौत हो गई। पोस्टमार्टम करने वाले डॉक्टर ने मौत की वजह बिजली का झटका लगना बताया है। संदीप बिहारी कॉलोनी, विश्वास नगर में अपनी बुआ के पास रहता था। परिवार ने बेटे की मौत के लिए जिम्मेदार लोगों पर उचित कानूनी कार्रवाई की मांग की है।

करंट लगने से युवक का मौत मामलाः पीडब्ल्यूडी बोली-खंभे से नहीं फैला करंट जांच जारी

लोक निर्माण विभाग(पीडब्ल्यूडी) ने सूरजमल विहार में करंट लगने से 28 वर्षीय युवक की मौत पर परिवार के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए करंट के कारणों को सिरे से खारिज कर दिया है। हालांकि मामले में गहन जांच का निर्देश दिया है और लापरवाही या कर्तव्य में चूक पाये जाने पर वाले किसी भी व्यक्ति या एजेंसी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। पीडब्ल्यूडी का कहना है कि विभाग इस दुर्भाग्यपूर्ण घटना को गंभीरता से ले रहा है और मामले से संबंधित सभी तथ्यों की उचित जांच सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है।

पीडब्ल्यूडी ने साफ किया है कि साइट का एक विस्तृत तकनीकी निरीक्षण किया गया है साथ ही विद्युत बुनियादी ढांचे और संबंधित रखरखाव रिकॉर्ड की जांच भी की गई। अब तक उपलब्ध तकनीकी निष्कर्षों के आधार पर, पीडब्ल्यूडी स्ट्रीट-लाइट पोल से किसी भी प्रकार की विद्युत खराबी या करंट लीकेज की पुष्टि नहीं हुई है। पोल और उसके विद्युत घटकों में आवश्यक सुरक्षा उपाय भी मौजूद पाए गए।

सरकार ने निर्देश दिया है कि घटना के सभी पहलुओं की गहन जांच की जाए और जहां भी लापरवाही, चूक या निर्धारित सुरक्षा प्रोटोकॉल का उल्लंघन पाया जाए, वहां जिम्मेदारी तय की जाए। लापरवाही या कर्तव्य में चूक के लिए जिम्मेदार पाए जाने वाले किसी भी व्यक्ति या एजेंसी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

पीडब्ल्यूडी संबंधित अधिकारियों को सभी आवश्यक सहयोग और तकनीकी जानकारी प्रदान कर रहा है। साथ ही, विभाग सार्वजनिक सुरक्षा के उच्चतम मानकों को सुनिश्चित करने के लिए विद्युत अवसंरचना के निरीक्षण और रखरखाव को मजबूत करना जारी रखेगा। बता दें कि शुक्रवार को सूरजमल विहार में रोड नंबर-58 के पास सड़क पार करते समय 28 वर्षीय संदीप का पैर डिवाइडर में बने करीब दो से तीन फीट गहरे गड्ढे में फंस गया। इसी दौरान पास लगे बिजली के खंभे से करंट की चपेट में आने से उनकी मौके पर ही मौत हो गई।

पीड़ित परिवार से मुलाकात कर आम आदमी पार्टी के नेता ने मंत्री पर किया पलटवार

आम आदमी पार्टी (आप) का एक प्रतिनिधि मंडल पूर्वी दिल्ली के सूरजमल विहार में पीडब्ल्यूडी के खंभे में उतरे करंट की चपेट में आकर हुई युवक की दुखद मौत पर शोककुल परिवार से मुलाकात कर उनका दुख साझा किया। प्रतिनिधि मंडल में शामिल विधायक संजीव झा और कुलदीप कुमार समेत अन्य नेताओं ने परिवार से घटना की विस्तृत जानकारी ली और हर संभव मदद का भरोसा दिया।

पार्टी के दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने इस घटना के लिए भाजपा सरकार के खटरा सिस्टम को जिम्मेदार बताया। उन्होंने कहा कि सरकार की लापरवाही के चलते दिल्ली में लगातार लोगों की जान जा रही है। पीडब्ल्यूडी के स्ट्रीट लाइट में उतरे करंट से युवक संदीप की मौत हुई, लेकिन मंत्री प्रवेश वर्मा ने शोक संवेदना तक नहीं जताई। अभी तक एफआईआर भी दर्ज नहीं हुई है। आखिर भाजपा सरकार जिम्मेदार अधिकारियों को क्यों बचा रही है?

सौरभ भारद्वाज ने सोशल मीडिया एक्स पर कहा कि यह बहुत शर्मनाक है कि पीडब्ल्यूडी मंत्री की तरफ से शोक संवेदना का एक भी शब्द नहीं आया है। यहां तक कि पीडब्ल्यूडी विभाग ने भी मीडिया को कोई भी बयान या टिप्पणी देने से साफ इनकार कर दिया है। पीडब्ल्यूडी के टूटे हुए डिवाइडर और स्ट्रीट लाइट से फैले करंट की चपेट में आने से एक व्यक्ति की दर्दनाक मौत हो गई, लेकिन इसके बावजूद मामले में अभी तक कोई एफआईआर दर्ज नहीं की गई है। हम किस तरह का देश बनाने की तरफ बढ़ रहे हैं।

Sumant Chaudhary