प्रवासी मजदूरों को उनके गृह जिले पहुंचने के लिए तैनात की गई 1500 बसें – डीएम गाजियाबाद

Summary :

लॉकडाउन के चलते बंद के नियमों को तोड़कर जो प्रवासी मजदूर यात्रा कर रहे हैं केंद्र सरकार ने उन्हें 14 दिन के लिए पृथक रखने का आदेश दिया है

कोरोना वायरस से संक्रमित लोगों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है। वायरस के संक्रमण को रोकने के लिए पूरे देश में लॉकडाउन कर दिया गया है। लॉकडाउन के कारण प्रवासी मजदूर अपने गृह जिलों की तरफ लौट रहे हैं। प्रवासियों को उनके गृह जिलों तक पहुंचाने के लिए गाजियाबाद जिला प्रशासन ने 1,500 बसें तैनात की है।
मजदूरों के गृह जिले पहुंचने पर उनकी कोविड-19 के लक्षणों की जांच की जाएगी। जिलाधिकारी अजय शंकर पांडेय ने बताया कि यहां आने वाले सभी मजदूरों को उनके गृह जिले भेज दिया गया है। उन्होंने कहा, “सैनिटाइज करने के बाद एक हजार पांच सौ बसों की सेवा ली गई। आज सुबह (रविवार) लाल कुआँ पर लगभग दो हजार मजदूर एकत्रित हुए थे। उनसे बिना कोई भाड़ा लिए उनके घर भेज दिया गया है।”
संबंधित जिलों के अधिकारियों को सूचित कर दिया गया है ताकि प्रवासी मजदूरों के पहुंचने पर उनकी चिकित्सा जांच की जा सके। किसी भी व्यक्ति में कोविड-19 के लक्षण दिखने पर उसे अस्पताल भेज दिया जाएगा।
लॉकडाउन के चलते बंद के नियमों को तोड़कर जो प्रवासी मजदूर यात्रा कर रहे हैं केंद्र सरकार ने उन्हें 14 दिन के लिए पृथक रखने का आदेश दिया है। इस बीच वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक कलानिधि नैथानी ने कहा कि वे सभी एहतियाती कदम उठा रहे हैं ताकि लोगों के आवागमन से कोई अप्रिय घटना न हो।

Desk Team