‘फीस वापसी सिर्फ जुमला निकला…’, सौरभ भारद्वाज ने दिल्ली BJP सरकार पर साधा निशाना, जानें क्या है पूरा मामला?

Summary :

Delhi News: आम आदमी पार्टी ने दिल्ली के प्राइवेट स्कूलों से बढ़ी फीस पेरेंट्स को वापस कराने की भाजपा सरकार के दावे की पोल खोल दी है। “आप” दिल्ली अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने दिल्ली विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष आतिशी की तरफ से पूछे गए सवालों का शिक्षा मंत्री आशीष सूद से मिले जवाब का हवाला देते हुए यह बड़ा खुलासा किया है। सौरभ भारद्वाज ने कहा कि शिक्षा मंत्री ने विधानसभा के पटल पर मान लिया है कि पिछले साथ मनमाने ढंग से बढ़ाई गई फीस को किसी भी प्राइवेट स्कूल ने पैरेंट्स को वापस नहीं किया है। भाजपा सरकार…

Delhi News: आम आदमी पार्टी ने दिल्ली के प्राइवेट स्कूलों से बढ़ी फीस पेरेंट्स को वापस कराने की भाजपा सरकार के दावे की पोल खोल दी है। “आप” दिल्ली अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने दिल्ली विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष आतिशी की तरफ से पूछे गए सवालों का शिक्षा मंत्री आशीष सूद से मिले जवाब का हवाला देते हुए यह बड़ा खुलासा किया है। सौरभ भारद्वाज ने कहा कि शिक्षा मंत्री ने विधानसभा के पटल पर मान लिया है कि पिछले साथ मनमाने ढंग से बढ़ाई गई फीस को किसी भी प्राइवेट स्कूल ने पैरेंट्स को वापस नहीं किया है। भाजपा सरकार और निजी स्कूलों के बीच सांठगांठ का यह बड़ा खुलासा खुद दिल्ली के शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने अपने जवाबों से दे दिया है।

Delhi News: दिल्ली के शिक्षा मंत्री पर लगाए गंभीर आरोप

सौरभ भारद्वाज ने एक्स पर कहा कि विधानसभा सत्र में शिक्षा मंत्री आशीष सूद के जवाबों से निजी स्कूलों के साथ सांठगांठ का पर्दाफाश हुआ। पहला, किसी भी निजी स्कूल ने बढ़ी हुई फीस वापस नहीं ली। दूसरा, निजी स्कूलों के वित्तीय ऑडिट के बावजूद दिल्ली सरकार ने कोई कार्रवाई नहीं की। तीसरा, डीएम की अध्यक्षता वाली समिति की सिफारिश के बावजूद डीपीएस स्कूल के खिलाफ छात्रों के उत्पीड़न के लिए कोई एफआईआर दर्ज नहीं की गई। और चौथा, दिल्ली सरकार के पास अप्रैल 2025 में फीस बढ़ाने वाले निजी स्कूलों का कोई रिकॉर्ड मौजूद नहीं है।

Delhi News (Image- Social Media)

Delhi News (Image- Social Media)
Delhi News (Image- Social Media)

Saurabh Bhardwaj News: प्राइवेट स्कूलों ने 80 फीसद तक बढ़ाई अपनी फीस

सौरभ भारद्वाज ने कहा कि दिल्ली में भाजपा की सरकार बनते ही 1 अप्रैल 2025 से शुरू हुए सत्र में लगभग सभी प्राइवेट स्कूलों ने अपनी फीस में 20 फीसद से लेकर 80 फीसद तक की भारी बढ़ोतरी की। इसके विरोध में अभिभावकों ने जमकर आंदोलन और प्रदर्शन किए, जिसके बाद दबाव में आकर भाजपा की मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने प्राइवेट स्कूलों के ऑडिट कराने और फीस वापस करवाने का वादा किया था।

सौरभ भारद्वाज ने कहा कि सरकार से बार-बार ऑडिट के परिणाम और उस पर हुई कार्रवाई के बारे में पूछा गया, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला। इसलिए आम आदमी पार्टी के विधायकों ने विधानसभा सत्र में शिक्षा मंत्री आशीष सूद से सवाल पूछे। जब उनसे पूछा गया कि कितने स्कूलों का ऑडिट कराया गया, तो जवाब मिला कि कुल 1624 स्कूलों का ऑडिट कराया गया है।

Delhi News (Image- Social Media)

Delhi News (Image- Social Media)
Delhi News (Image- Social Media)

सरकार का जवाब: प्रक्रिया जारी

सौरभ भारद्वाज ने कहा कि जब अगला सवाल यह पूछा गया कि ऑडिट में किन स्कूलों में वित्तीय अनियमितताएं या मुनाफाखोरी पाई गई, तो सरकार का जवाब आया कि प्रक्रिया जारी है और सरकार ने उन स्कूलों के नाम नहीं बताए। इसके बाद जब पूछा गया कि ऑडिट के आधार पर दिसंबर तक कितने स्कूलों पर कारण बताओ नोटिस, जुर्माना या मान्यता रद्द करने जैसी कार्रवाई की गई, तो उसका जवाब भी यही दिया गया कि प्रक्रिया जारी है। इसका अर्थ है कि जिस ऑडिट का इतना प्रचार किया गया था, उसके आधार पर अब तक किसी भी स्कूल के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की गई।

सौरभ भारद्वाज ने कहा कि जब सरकार से वर्ष 2025-26 में फीस बढ़ाने वाले स्कूलों की सूची और बढ़ोतरी की जानकारी मांगी गई, तो मंत्री ने लिखित जवाब दिया कि उनके पास ऐसा कोई डेटा नहीं है। यानी सरकार को यह भी नहीं पता कि किस स्कूल ने कितनी फीस बढ़ाई है। सरकारी हस्तक्षेप से कितने स्कूलों की फीस वृद्धि वापस हुई, इस सवाल पर भी सरकार के पास कोई जवाब नहीं था, जिससे स्पष्ट है कि किसी भी स्कूल की फीस वापस नहीं करवाई गई।

Delhi News (Image- Social Media)

Delhi News (Image- Social Media)
Delhi News (Image- Social Media)

ठंडे बस्ते में डीपीएस द्वारका का मामला

सौरभ भारद्वाज ने कहा कि डीपीएस द्वारका द्वारा बढ़ी हुई फीस न देने पर छात्रों के उत्पीड़न, उन्हें लाइब्रेरी में बिठाने और बाउंसर तैनात करने के मामले में जब मंत्री से पूछा गया कि क्या उन्हें हाईकोर्ट की टिप्पणी की जानकारी है, तो उन्होंने जवाब दिया कि यह संबंधित नहीं है। जबकि शिक्षा विभाग कोर्ट में मौजूद था, फिर भी मंत्री पल्ला झाड़ रहे हैं।

Delhi News (Image- Social Media)

Delhi News (Image- Social Media)
Delhi News (Image- Social Media)

‘कोर्ट का बहाना बना रही सरकार’

सौरभ भारद्वाज ने कहा कि डीपीएस मामले में डीएम की कमेटी ने एफआईआर दर्ज करने की सिफारिश की थी। जब विधानसभा में पूछा गया कि क्या एफआईआर दर्ज कराई गई, तो जवाब मिला कि मामला सुप्रीम कोर्ट में विचाराधीन है। यह पूरी तरह से झूठ है क्योंकि कोर्ट ने एफआईआर दर्ज कराने पर कोई रोक नहीं लगाई है। सरकार केवल बहाने बना रही है।

सौरभ भारद्वाज ने आगे कहा कि इससे यह साफ हो जाता है कि दिल्ली सरकार द्वारा ऑडिट की बात करना केवल एक ढोंग था। ऑडिट रिपोर्ट आने के बावजूद सरकार ने किसी एक स्कूल पर भी कार्रवाई नहीं की और न ही एक भी छात्र की फीस वापस कराई। जहां हाई कोर्ट ने छात्रों के शोषण की बात मानी और डीएम ने एफआईआर की सिफारिश की, वहां भी आशीष सूद का शिक्षा विभाग डीपीएस द्वारका को बचा रहा है और एफआईआर तक दर्ज नहीं करवा रहा है।

यह भी पढ़ें: दिल्ली सरकार का फोकस अब बड़े प्रोजेक्ट्स के नतीजों पर, मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने विभागीय कार्यों की समीक्षा की

Amit Kumar

अमित कुमार पिछले 3 सालों से पत्रकारिता के क्षेत्र में काम कर रहे हैं। उन्हें विदेश, बिजनेस, ऑटो, टेक और गैजेट्स से जुड़ी खबरें लिखने का अच्छा अनुभव है। उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से बैचलर ऑफ मास कम्युनिकेशन, आईआईएमसी से पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा और उत्तर प्रदेश राजर्षि टंडन विश्वविद्यालय से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की पढ़ाई की है। पत्रकारिता की शुरुआत उन्होंने वेबसाइट पर लिखने से की। इसके बाद इंडिया डेली न्यूज़ चैनल और न्यूज़ इंडिया 24x7 में हिंदी सब-एडिटर के तौर पर काम किया। वर्तमान में वह पंजाब केसरी, दिल्ली में हिंदी सब-एडिटर के पद पर कार्यरत हैं।