कौन है Gulfisha Fatima? 5 साल बाद हुई जेल से रिहा, फूलों से हुआ स्वागत; दिल्ली दंगों से जुड़ा था नाम

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Gulfisha Fatima Delhi Riots Case: उत्तर-पूर्वी दिल्ली दंगों की साजिश के मामले में आरोपी गुलफिशा फातिमा, शिफा उर रहमान, मीरान हैदर और मोहम्मद सलीम खान को सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिल गई। इसके बाद 07 जनवरी, 2026 को दिल्ली की कड़कड़डूमा कोर्ट ने रिहाई के आदेश जारी किए। बुधवार रात को ये सभी तिहाड़ जेल से बाहर आए, जबकि मोहम्मद सलीम खान मंडोली जेल से रिहा हुए। जेल से बाहर आने के बाद गुलफिशा फातिमा सुर्खियों में हैं। जेल से बाहर निकलने पर गुलफिशा का स्वागत फूल माला पहनाकर और मिठाई खिलाकर किया। Gulfisha Fatima Bail News: गुलफिशा का फूलों…

Gulfisha Fatima Delhi Riots Case: उत्तर-पूर्वी दिल्ली दंगों की साजिश के मामले में आरोपी गुलफिशा फातिमा, शिफा उर रहमान, मीरान हैदर और मोहम्मद सलीम खान को सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिल गई। इसके बाद 07 जनवरी, 2026 को दिल्ली की कड़कड़डूमा कोर्ट ने रिहाई के आदेश जारी किए। बुधवार रात को ये सभी तिहाड़ जेल से बाहर आए, जबकि मोहम्मद सलीम खान मंडोली जेल से रिहा हुए। जेल से बाहर आने के बाद गुलफिशा फातिमा सुर्खियों में हैं। जेल से बाहर निकलने पर गुलफिशा का स्वागत फूल माला पहनाकर और मिठाई खिलाकर किया।

Gulfisha Fatima Bail News: गुलफिशा का फूलों से स्वागत

Gulfisha Fatima Delhi Riots Case
Gulfisha Fatima Bail News (Image- Social Media)

जेल से रिहा होने के बाद गुलफिशा फातिमा का स्वागत उनके परिजनों ने फूल मालाओं और मिठाइयों के साथ किया। 5 साल बाद अपने घर वालों को देखकर गुलफिशा भावुक हुई और उन्हें गले लगा लिया। जेल अधिकारीयों ने पुष्टि की है कि अदालती आदेश मिलने के कुछ ही घंटो अंदर चार आरोपियों को क़ानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद जेल से बहार कर दिया गया।

Gulfisha Fatima Release: जमानत देते समय कोर्ट ने रखी ये शर्तें

सभी आरोपियों को सुप्रीम कोर्ट से जमानत देते समय 11 कड़ी शर्ते लागू की हैं। कहा गया हैं कि सभी आरोपियों को अपने पासपोर्ट सरेंडर करने होंगे और कोर्ट कि अनुमति के बिना दिल्ली की सीमा से बाहर नहीं जा सकेंगे। साथ ही इस मामले से जुड़े किसी भी गवाह से संपर्क नहीं करेंगे और न ही किसी ऐसी संस्था और गतिविधि में शामिल होंगे, जिसपर संबंध इस FIR से हो। अगर शर्तों का उल्लंघन किया जाता हैं, तो जमानत रद्द कर दी जाएगी।

कौन है गुलफिशा फातिमा?

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Gulfisha Fatima Delhi Riots Case (Image- Social Media)

दिल्ली की रहने वाली गुलफिशा फातिमा ने दिल्ली विश्वविद्यालय के किरोरी मल कॉलेज से उर्दू ऑनर्स की पढ़ाई की। इसके बाद उसने गाजियाबाद के इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एजुकेशन से MBA पूरा किया। 2020 में दिल्ली दंगे मामले में गिरफ्तार होने से पहले वह रेडियो जॉकी के रूप में काम कर रही थी।

गुलफिशा पर कौन-कौन से आरोप थे?

Gulfisha Fatima Delhi Riots Case
Gulfisha Fatima Delhi Riots Case (Image- Social Media)

गुलफिशा फातिमा को 9 अप्रैल 2020 को गिरफ्तार किया गया था। पुलिस के मुताबिक, वह नागरिकता संशोधन कानून (CAA) के खिलाफ हुए प्रदर्शनों में शामिल थीं। उन पर आरोप है कि उन्होंने दिल्ली में हुई हिंसा की बड़ी साजिश में भी भूमिका निभाई। गुलफिशा पर स्थानीय महिलाओं को संगठित करने और प्रदर्शन स्थल की व्यवस्था का समन्वय करने का भी आरोप था।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, दिल्ली पुलिस ने चार्जशीट में कहा है कि गुलफिशा फातिमा और कुछ अन्य लोगों ने राजधानी में फैली हिंसा को पहले से बनाई गई योजना के तहत अंजाम दिया। इस मामले में उन पर UAPA समेत कई गंभीर धाराओं में केस दर्ज किया गया है।

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Bhawana Rawat

भावना रावत पिछले 2 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं। राजनीति, विदेश, क्राइम की खबरें लिखने में रुचि है। दिल्ली विश्वविद्यालय से बैचलर ऑफ मास कम्यूनिकेशन की पढ़ाई पूरी की है। वर्तमान में पंजाब केसरी दिल्ली में हिन्दी सब-एडिटर के तौर पर काम कर रही हैं।