Abhay Singh Chautala: इनेलो के राष्ट्रीय अध्यक्ष चौ. अभय सिंह चौटाला का कहना है कि संघर्ष के प्रतीक व किसानों के मसीहा पूर्व उपप्रधानमंत्री चौ. देवीलाल की पुण्यतिथि पर 6 अप्रैल को दिल्ली स्थित उनके समाधि स्थान संघर्ष स्थल पर श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया जाएगा। इस दौरान उनके समर्थक उन्हें अपनी श्रद्धांजलि अर्पित करेंगे। चौ. अभय सिंह चौटाला ने बताया कि इसी तरह से प्रदेशभर में उनको श्रद्धासुमन अॢपत करने के लिए कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा।
उन्होंने प्रदेश के लोगों से भी अपील की कि चौ. देवीलाल में आस्था रखने वाले उनकी स्मृति में रक्तदान शिविर का आयोजन करने के साथ ही पौधारोपण करने के अलावा वृद्धाश्रम एवं कुष्ठ आश्रम आदि में जाकर जरूरतमंदों की सहायता कर जननायक को अपनी श्रद्धांजलि दें।
अभय सिंह चौटाला ने यह भी बताया कि मंडियों में किसानों की परेशानी को दूर करने के लिए उनकी पार्टी की ओर से प्रत्येक मंडी में किसान कष्ट निवारण केंद्र बनाए गए हैं। रविवार को डबवाली रोड स्थित अपने आवास पर पत्रकारों से बातचीत में चौ. अभय सिंह चौटाला ने प्रदेश की मंडियों में किसानों की फसल खरीद में सरकार की ओर से लगाई गई शर्तों को तानाशाही फरमान बताते हुए भाजपा सरकार पर सवालों की झड़ी लगाई। इस अवसर पर उनके साथ रानियां के विधायक अर्जुन चौटाला, पार्टी के जिलाध्यक्ष जसबीर जस्सा, शहरी जिलाध्यक्ष गंगाराम बजाज, प्रैस प्रवक्ता महावीर शर्मा सहित अनेक कार्यकत्र्ता मौजूद थे।
6 अप्रैल को दिल्ली में जननायक को श्रद्धांजलि देने की अपील
चौ. अभय सिंह चौटाला ने कहा कि चौ. देवीलाल का जीवन हम सबके लिए प्रेरणादायक है। वद्यार्थी जीवन से ही वे स्वतंत्रता आंदोलन में शिरकत करने लगे। लाला लाजपत राय और सर छोटू राम के संपर्क में आए। स्वतंत्रता आंदोलन के दौरान भी जेल में गए और आपात्तकाल के दौर में 19 माह जेल में रहे। उन्होंने दिल्ली के साथ लगते पलवल, झज्जर, रोहतक, गुरुग्राम, फरीदाबाद, सोनीपत व करनाल आदि शहरों के कार्यकत्र्ताओं से भी अनुरोध किया कि वे जननायक को श्रद्धांजलि देने के लिए 6 अप्रैल सोमवार को दिल्ली संघर्ष स्थल पर पहुंचें।
किसानों के लिए खोले गए कष्ट निवारण केंद्र
अभय सिंह चौटाला ने कहा कि भाजपा सरकार ने आज किसानों की गेहूं खरीद पर कई तरह की शर्तें लगा दी हैं। किसान पहले से ही परेशान है। ऐसे में किसानों की परेशानी को दूर करने के मकसद से इनेलो की ओर से प्रदेश की प्रत्येक मंत्री में एक कष्ट निवारण केंद्र खोला गया है। इस कष्ट निवारण केंद्र के जरिए किसानों की परेशानी को दूर किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि सरकार ने किसानों के ट्रैक्टर के नंबर, बायोमीट्रिक, पोर्टल आदि जैसी शर्तें लगाकार उनकी परेशानी को और अधिक बढ़ा दिया है। इसके साथ ही गेट पास जैसी अतर्कसंगत शर्त लगाई गई है। इनेलो इन सभी शर्तों का कड़ा विरोध करती है और सरकार ने इन शर्तों को वापस नहीं लिया तो 10 अप्रैल के बाद उनकी पार्टी इस तानाशाही फरमान के खिलाफ बड़ा स्टैंड लेगी। इनेलो के राष्ट्रीय अध्यक्ष अभय सिंह चौटाला ने कहा कि यह कैसा कानून है कि कोई व्यक्ति बाजार में अपना सामान बेचने जाए और उसे पहले अपनी पहचान के लिए बायोमीट्रिक पर अंगूठा लगाना पड़े।
अभय चौटाला ने कहा कि सरकार को मंडियों में किसानों के लिए बिजली-पानी का प्रबंध करना चाहिए। जो किसान रात को अपनी फसल बेचने आए उसके सोने की व्यवस्था होनी चाहिए। अभय सिंह चौटाला ने यह भी कहा कि ओलावृष्टि से नष्ट हुई किसानों की फसलों के लिए सरकार को 50 हजार रुपए प्रति एकड़ तक मुआवजा देना चाहिए। इससे पहले भी खरीफ सीजन में किसानों की खराब हुई साढ़े 5 लाख एकड़ फसल में से सरकार ने केवल 10 प्रतिशत करीब 50 हजार किसानों को ही खराब फसलों का मुआवजा दिया गया है। किसान को पहले ही फसल का उचित मूल्य नहीं मिल रहा है।
बदहाल कानून व्यवस्था पर सरकार को घेरा
इनेलो के राष्ट्रीय अध्यक्ष चौ. अभय सिंह चौटाला ने प्रदेश में बदहाल कानून व्यवस्था पर भी सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि राज्य में हर रोज औसतन 3 से अधिक मर्डर हो रहे हैं तो बलात्कार के 4 मामले सामने आ रहे हैं। 2018 में मर्डर 1104, 2019 में 1137, 2020 में 1143, 2021 में 1122, 2022 में 1020, 2023 में 1042 एवं 2024 में 965 मामले सामने आए। ऐसे ही 2018 में बलात्कार के 1296, 2019 में 1480, 2020 में 1373, 2021 में 1716, 2023 में 1772 एवं 2024 में 1382 मामले सामने आए।
ऐसे ही चोरी, डकैती, लूट, फिरौती एवं अपहरण की घटनाएं हो रही हैं। 2018 में डकैती के 194, 2019 में 153, 2020 में 151, 2021 में 156, 2022 में 118, 2023 में 122 एवं 2024 में 87 मामले सामने आए। आदित्य देवीलाल ने कहा कि चिंता की बात यह है कि पुलिस विभाग में 26 हजार से अधिक पद खाली हैं।
ऐसे में राज्य में लगातार आपराधिक वारदातें हो रही हैं। उन्होंने बताया कि हरियाणा में एच.पी.एस. के 70, इंस्पैक्टर के 142, सब इंस्पैक्टर के 1051, उप पुलिस निरीक्षक के 1106, मुख्य सिपाही के 6872 एवं सिपाही के 13 हजार 948 पद खाली हैं। पुलिस विभाग में 79 हजार 63 पद स्वीकृत हैं, जिसमें से 55 हजार 74 भरे हुए हैं और 23 हजार 189 पद खाली पड़े हैं। अभय सिंह चौटाला ने कहा कि उन्होंने विधायक रहते हुए विधानसभा में सरकार से सवाल पूछा था कि प्रदेश में कितने लोगों को सुरक्षा दी गई है और उसका कारण क्या है? जवाब में सामने आया कि हजारों नेताओं व अन्य लोगों को सुरक्षा दी गई है और अधिकांश में कारण धमकी है?
इस पर भी उन्होंने सरकार से सवाल पूछा कि फिर धमकी देने वालों पर सरकार की ओर से क्या कार्रवाई की गई? अभय सिंह ने कहा कि इस सवाल का उस समय के मुख्यमंत्री मनोहर लाल व गृह मंत्री अनिल विज के पास कोई जवाब नहीं था।
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