जींद : भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह जिस मोटरसाईकिल रैली के मंच पर मोदी सरकार और पार्टी संगठन का गुणगान करेंगे, उस पर जाट समाज के लोग हल्ला बोलेंगे। इस हल्ले के दौरान उनके हाथों में देश का राष्ट्रीय ध्वज तिरंगा होगा। आरक्षण पाने और युवाओं पर दर्ज मुकद्दमे वापिस कराने की मांगों को लेकर अखिल भारतीय जाट आरक्षण संघर्ष समिति ने यह निर्णय लिया है। समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष यशपाल मलिक ने शुक्रवार को जींद की जाट धर्मशाला में सुनीता मान के बेटे के विवाह में शिरकत करने के बाद पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा कि अपने हक के लिए हर किसी को संघर्ष करने तथा गर्जने का अधिकार है। यशपाल मलिक ने कहा कि जाट समाज आरक्षण, युवाओं पर दर्ज मुकद्दमों को निरस्त करने सहित अन्य मांगों को लेकर यह निर्णय ले रहा है। क्योंकि भाजपा सरकार ने उनके साथ वायदा खिलाफी की है।
उन्होंने कहा कि 15 को जींद में न्याय यात्रा के दौरान क्या हालात बनेंगे, इस पर सोचने का काम सरकार का है। वे अपना विरोध शांतिपूर्ण तरीके से दर्ज कराएंगे। ऐसे में अगर सरकार उस शांतिपूर्ण न्याय यात्रा प्रदर्शन को भंग करना चाहे तो यह भाजपाईयों पर ही निर्भर है। इसलिए अगर सरकार चाहती है कि स्थिति दुरुस्त बनी रहे और किसी तरह के टकराव की स्थिति ना बनें, इसके लिए वे उनकी मांग पूरी कर दें। इस बार जाट समाज के लोग आश्वासन नहीं, उस पर काम देखना चाहते हैं। उन्होंने एक सवाल के जवाब में कहा कि उनकी मांग सरकार से है, किंतु सरकार भाजपा की है, इसलिए यह विरोध पूरी तरह से जायज है। मलिक ने कहा कि भाजपा का प्रदेश में भाईचारे को तोडऩे का प्रयास है। पिछले दो सालों के दौरान जो जान-माल को नुकसान पहुंचा, उसके पीछे भी भाजपाई ही थे।
उन्होंने बताया कि भाजपा सरकार के मंत्री समेत कई लोग संपर्क कर रहे हैं। किंतु उनकी मांग पूरी होने पर ही वे शांत बैठ सकते हैं। उन्होंने कहा कि जाट समाज ट्रैक्टर-ट्रालियों पर सवार होकर हाथों में देश का राष्ट्रीय ध्वज तिरंगा थामे हुए जींद पहुंचेगा। मलिक ने कहा कि पिछले वर्ष जाट आंदोलन के बाद 19 मार्च 2017 को सीएम मनोहर लाल, केंद्रीय मंत्री चौधरी बीरेंद्र सिंह व पीपी चौधरी के सामने जाटों के साथ छह मांगों पर समझौता हुआ था। भाजपा सरकार ने बार-बार इनको लटकाए रखा। इसके बाद 17 अगस्त को भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह के निवास पर सीएम मनोहर लाल, चौधरी बीरेंद्र सिंह, पीपी चौधरी, डॉ. संजीव बालियान, अनिल जैन की उपस्थिति में संघर्ष समिति के प्रतिनिधिमंडल ने समझौते को लागू करने में हो रही देरी पर अपनी आपत्ति दर्ज करवाई थी।
बैठक में सीएम ने विश्वास दिलाया था कि जल्द ही समझौते की मांगें जो हरियाणा सरकार से संबंधित होंगी, पूरी कर दी जाएंगी लेकिन आज तक सरकार ने एक भी कदम मांगों को पूरी करने में आगे नहीं बढ़ाया है। इसलिए अब जाट समाज पीछे हटने वाला नहीं है। इस मौके पर राष्ट्रीय महासचिव अशोक बलहारा, जिला प्रधान कैप्टन भूपेंद्र जागलान, वेदप्रकाश बरसोला, कैप्टन रणधीर चहल, सत्यवान ईक्कस, बिजेंद्र संधु, रामकरण दलाल भी मौजूद रहे।
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– संजय शर्मा


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