कॉमन मिनिमम प्रोग्राम की कोई समय सीमा तय नहीं

Summary :

भाजपा प्रदेशाध्यक्ष सुभाष बराला ने कहा कि कॉमन मिनिमम प्रोग्राम के लिए कोई समय सीमा तय नहीं है और भाजपा व जजपा अपने अपने घोषणा पत्र पर आगे बढ़ रही है।

रोहतक : भाजपा प्रदेशाध्यक्ष सुभाष बराला ने कहा कि कॉमन मिनिमम प्रोग्राम के लिए कोई समय सीमा तय नहीं है और भाजपा व जजपा अपने अपने घोषणा पत्र पर आगे बढ़ रही है। साथ ही उन्होंने जेएनयू घटनाक्रम को लेकर कहां कि यह विपक्ष की साजिश है और निंदनीय घटना है। विपक्ष ने वोट बैक की राजनीति के लिए यह सबकुछ किया है। इसके अलावा बराला ने कहा कि जनवरी माह के अंत तक संगठन के चुनाव हो जाएंगे और चुनाव को लेकर प्रक्रिया तेजी से चल रही है। 
मंगलवार को भाजपा के प्रदेशाध्यक्ष सुभाष बराला रोहतक पहुंचे और पार्टी कार्यालय में कार्यकत्र्ताओं से मुलाकात की। बाद में पत्रकारो से बातचीत करते हुए उन्होंने कहा कि गठबंधन सरकार पूरे पांच साल चलेगी और सरकार को किसी प्रकार का खतरा नहीं है। भाजपा व जजपा अपने अपने चुनावी घोषणा पत्र के साथ आगे बढ़ रही है और प्रदेश विकास की तरफ अग्रसर है। 
महम के विधायक बलराज सिंह कुण्डु द्वारा पूर्व सहकारिता मंत्री मनीष ग्रोवर पर लगाए गए आरोपो को लेकर बराला ने कहा कि सरकार ने पांच साल ईमानदारी से काम किया है और सरकार में भ्रष्टाचार का कोई स्थान नहीं है। उन्होंने कहा कि बलराज कुण्डु भाजपा के सदस्य रहे है और उन्हें यह आवाज उसी समय उठानी चाहिए थी। उन्होंने कहा कि किसी कीमत पर भ्रष्टाचार बर्दाशत नहीं किया जाएगा, अगर इस मामले में भ्रष्टाचार का कई मामला सामने आया तो इस पर भी कारवाई की जाएगी। 
इसके अलावा उन्होंने कहा कि केन्द्र व प्रदेश की सरकार मजबूती के साथ काम कर रही है, जो पूर्व सीएम भूपेन्द्र सिंह हुड्डा को राश नहीं आ रहा है, इसलिए वे वजह ब्यानबाजी में जुटे हुए है, जहां तक निर्दलीय व भाजपा विधायको के भूपेन्द्र सिंह हुड्डा के सम्पर्क में होने की चर्चाए है तो हुड्डा का दायित्व बनता है कि वह सरकार को अस्थिर करने का प्रयास करे, क्योकि वे विपक्ष के नेता है। 
मुख्यमंत्री व गृह मंत्री के बीच तनातनी को लेकर भी भाजपा प्रदेशाध्यक्ष खुलकर बोले और कहा कि ऐसा कुछ नहीं है, अनिल विज का काम करने का यही स्टाईल है। जेएनयू मामले को लेकर उन्होंने कहा कि उच्च स्तरीय जांच चल रही है और गृह मंत्री अमित शाह ने भी रिपोर्ट तलब की है, जोभी दोषी पाया गया उनके खिलाफ कडी कारवाई की जाएगी। 
यह घटना बहुत दुर्भाग्य पूर्ण है और विपक्षी दलों ने जेएनयू को राजनीतिक अखाडा बना रखा है, जोकि गलत है।  बराला ने संगठन चुनाव को लेकर कहा कि जनवरी माह के अंत तक संगठन के सभी पदाधिकारियों के चुनाव सम्पन्न करा दिए जाएगे, जिसको लेकर प्रक्रिया तेजी से चल रही है।

Desk Team