भारत की संप्रभुता की रक्षा के लिए सेना पूरी तरह तैयार: रक्षा मंत्रालय

Summary :

सेना प्रमुखों की बैठक के बाद रक्षा मंत्रालय का बयान

पाकिस्तान के हमलों के बाद भारत ने कड़ा जवाब दिया है। रक्षा मंत्रालय ने बताया कि भारत की सेना अपनी संप्रभुता की रक्षा के लिए पूरी तरह तैयार है। जम्मू-कश्मीर, पंजाब और राजस्थान में पाकिस्तानी ड्रोन और मिसाइलों को निशाना बनाया गया, लेकिन भारतीय सुरक्षा बलों ने उन्हें निष्क्रिय कर दिया। विदेश मंत्री ने आतंकवाद के खिलाफ अंतर्राष्ट्रीय सहयोग पर जोर दिया।

जम्मू-कश्मीर, पंजाब और राजस्थान में गुरुवार रात पाकिस्तान के कायराना हमले के बाद भारत ने माकूल जवाब दिया। इस बीच, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने तीनों सेना प्रमुखों के साथ बैठक की। बैठक के बाद रक्षा मंत्रालय ने एक बयान में बताया कि भारत अपनी रक्षा के लिए पूरी तरह से तैयार है। रक्षा मंत्रालय ने आधिकारिक बयान में बताया कि जम्मू, पठानकोट और उधमपुर स्थित सैन्य ठिकानों को पाकिस्तानी ड्रोन और मिसाइलों द्वारा निशाना बनाने की कोशिश की गई। ये हमले जम्मू-कश्मीर में अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास किए गए। मंत्रालय ने कहा कि भारत के सुरक्षा बलों ने इन खतरों को मानक संचालन प्रक्रिया के अनुसार अपनी क्षमताओं का उपयोग कर तत्काल निष्क्रिय कर दिया। पाकिस्तानी हमले में कोई जान-माल का नुकसान नहीं हुआ है। बयान में कहा गया, “भारत अपनी संप्रभुता की रक्षा और नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए पूरी तरह तैयार है।”

भारतीय सेना ने पाकिस्तानी ड्रोन हमले को नाकाम किया, 50 से अधिक ड्रोन गिराए

भारत का यह बयान संकेत देता है कि पाकिस्तान को इन हमलों की जबरदस्त कीमत चुकानी पड़ेगी और भारतीय सेनाएं कड़ी जवाबी कार्रवाई के लिए तैयार हैं। इधर, विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर ने अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर कई देशों के विदेश मंत्रियों और अन्य अधिकारियों से बात की।अमेरिका के विदेश सचिव मार्को रूबियो से बातचीत में जयशंकर ने कहा कि भारत आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में अमेरिका के सहयोग की सराहना करता है। उन्होंने बताया कि भारत ने सीमापार आतंकवाद पर लक्षित और संतुलित प्रतिक्रिया दी है और किसी भी तरह के उकसावे का कड़ा जवाब दिया जाएगा। यूरोपीय संघ की विदेश नीति प्रमुख काजा कालास के साथ चर्चा में भी उन्होंने यही रुख दोहराया कि भारत की कार्रवाई संतुलित रही है, लेकिन यदि हालात बिगड़ते हैं, तो जवाबी कार्रवाई बेहद कड़ी होगी।

इटली के उप-प्रधानमंत्री और विदेश मंत्री एंटोनियो ताजानी से बातचीत में भी उन्होंने कहा कि भारत आतंकवाद का मजबूती से सामना कर रहा है, और किसी भी वृद्धि की स्थिति में प्रतिक्रिया निर्णायक होगी। जयशंकर ने स्पष्ट किया कि भारत शांति का पक्षधर है, लेकिन राष्ट्रीय सुरक्षा के साथ कोई समझौता नहीं किया जाएगा।

News Desk

News Desk is the editorial team of Punjab Kesari. This article is based on information provided by IANS.