CJP नेताओं और पत्रकारों के खिलाफ SC-ST एक्ट में FIR, ACP विवेक भगत की शिकायत पर कार्रवाई

Summary :

दिल्ली में पिछले दिनों जंतर-मंतर पर हुए प्रदर्शन के बाद कई ताबड़तोड़ एक्शन लिए जा रहे हैं। यह कार्रवाई दिल्ली पुलिस की तरफ से की जा रही है। पुलिस लगातार उपद्रवियों की पहचान कर उन्हें उनकी गलती की सजा दिलाने का काम कर रही है। इसी बीच CJP के कुछ नेताओं और पत्रकारों के खिलाफ भी FIR दर्ज की गई है। पुलिस ने अभिजीत दीपके, सौरव दास, आशुतोष रांका, रत्ना सिंह और स्वतंत्र पत्रकार रोजी व गजेंद्र सिंह पर मामला दर्ज किया गया है। यह FIR ACP विवेक भगत की शिकायत पर संसद मार्ग थाने में 13 अक्टूबर को दर्ज…

दिल्ली में पिछले दिनों जंतर-मंतर पर हुए प्रदर्शन के बाद कई ताबड़तोड़ एक्शन लिए जा रहे हैं। यह कार्रवाई दिल्ली पुलिस की तरफ से की जा रही है। पुलिस लगातार उपद्रवियों की पहचान कर उन्हें उनकी गलती की सजा दिलाने का काम कर रही है। इसी बीच CJP के कुछ नेताओं और पत्रकारों के खिलाफ भी FIR दर्ज की गई है। पुलिस ने अभिजीत दीपके, सौरव दास, आशुतोष रांका, रत्ना सिंह और स्वतंत्र पत्रकार रोजी व गजेंद्र सिंह पर मामला दर्ज किया गया है। यह FIR ACP विवेक भगत की शिकायत पर संसद मार्ग थाने में 13 अक्टूबर को दर्ज हुई। शिकायत में ACP विवेक भगत ने आरोप लगाया गया है कि उनके खिलाफ जाति को लेकर अपमानजनक बातें बोली गई है। सोशल मीडिया पर भी उनकी छवि खराब करने की तमाम कोशिश की गई।
हालांकि, अभी इन आरोपों की पुष्टि नहीं हुई है।

3 अक्टूबर के प्रदर्शन के दौरान क्या-क्या हुआ?

बता दें कि यह पूरा मामला 3 अक्टूबर को जंतर-मंतर पर प्रदर्शन से जुड़ा है। उस दिन निर्वाचन आयोग और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को हटाने और कथित वोट चोरी को लेकर प्रदर्शन किया जा रहा था। ACP विवेक भगत का कहना है कि प्रोटेस्ट के दौरान वह वहां कानून-व्यवस्था संभालने की ड्यूटी पर तैनात थे। उन्होंने अपनी शिकायत में इन नामजद लोगों पर आरोप लगाया कि इसी दौरान एक पत्रकार ने उनकी जाति को लेकर अपमानजक बातें बोली और उनके ACP बनने पर भी कई सवाल किए गए। ACP भगत का कहना है कि बाद में प्रदर्शनकारियों को संभालने के दौरान उनके खिलाफ जातिसूचक नारे भी लगाए गए। इन घटनाओं को लेकर उन्होंने पुलिस में अब शिकायत दर्ज कर कार्रवाई की मांग की है।

सोशल मीडिया पोस्ट को लेकर भी लगाए कई आरोप

ACP की शिकायत में यह भी कहा गया है कि सोशल मीडिया पर उनके खिलाफ पोस्ट और वीडियो शेयर किए गए, जिससे उनकी क्षवि खराब हुई है। इस मामले में SC/ST (अत्याचार निवारण) अधिनियम के तहत आरोप लगाए गए हैं, साथ ही भारतीय न्याय संहिता की कई धाराओं को भी शामिल किया गया है। इसी विरोध प्रदर्शन के दौरान, एक महिला पत्रकार ने ACP पर दुर्व्यवहार और यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया है। पुलिस की क्राइम ब्रांच इन आरोपों से जुड़ी शिकायत की भी जांच कर रही है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है।

कौन है ACP विवेक भगत?

ACP विवेक भगत दिल्ली पुलिस के एक अधिकारी हैं और वर्तमान में नई दिल्ली जिले के कनॉट प्लेस सब-डिवीजन में एसीपी (सहायक पुलिस आयुक्त) के पद पर तैनात हैं। अनुसूचित जाति (Scheduled Caste – SC) समुदाय से आते हैं।

Shivangi Shandilya

शिवांगी शांडिल्य पत्रकारिता में पिछले 2 वर्षों से सक्रिय हैं। राजनीति, विदेश, क्राइम के अलावा आद्यात्मिक खबरें लिखना पसंद हैं। गलगोटिया विश्वविद्यालय से बैचलर ऑफ मास कम्यूनिकेशन की पढ़ाई पूरी की है। IGNOU से मास्टर ऑफ मास कम्यूनिकेशन की पढ़ाई जारी है। इस दौर में वेबसाइट पर लिखने का कार्य जारी है। पत्रकारिता की शुरुआत इंडिया न्यूज़ (इनखबर) से हुई, जहां बत्तौर हिन्दी सब-एडिटर के रूप में वेबसाइट पर काम किया। वर्तमान में पंजाब केसरी दिल्ली में हिन्दी सब-एडिटर के तौर पर काम कर रहे हैं। बिहार के मुजफ्फरपुर जिले में जन्म लेने वाली शिवांगी की शिक्षा उनके गृह जिले में ही हुई है। शिवांगी को राजनीतिक घटनाक्रम पर आलेख लिखना बेहद पसंद है।