पूर्व वित्त सचिव सुभाष गर्ग ने की है गलत बयानी, करूंगा मानहानि का मुकदमा : निशिकांत दुबे

Summary :

रांची/गोड्डा 21 सितंबर (आईएएनएस)। गोड्डा से भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने पूर्व वित्त सचिव सुभाष चंद्र गर्ग के खिलाफ आपराधिक मानहानि का मुकदमा करने की बात कही है। दोनों के बीच विवाद उस समय तेज हुआ, जब गर्ग ने एक पॉडकास्ट में दुबे के साथ अपने कार्यकाल के दौरान हुई कथित मुलाकात और कुछ मामलों को लेकर टिप्पणी की। निशिकांत दुबे ने इन दावों को खारिज करते हुए कहा कि वह 2009 में सांसद बनने के बाद से केंद्र सरकार के किसी सचिव के कार्यालय में नहीं गए हैं और उन्होंने कभी किसी अधिकारी के तबादले या पदस्थापन को लेकर…

रांची/गोड्डा 21 सितंबर (आईएएनएस)। गोड्डा से भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने पूर्व वित्त सचिव सुभाष चंद्र गर्ग के खिलाफ आपराधिक मानहानि का मुकदमा करने की बात कही है। दोनों के बीच विवाद उस समय तेज हुआ, जब गर्ग ने एक पॉडकास्ट में दुबे के साथ अपने कार्यकाल के दौरान हुई कथित मुलाकात और कुछ मामलों को लेकर टिप्पणी की।

निशिकांत दुबे ने इन दावों को खारिज करते हुए कहा कि वह 2009 में सांसद बनने के बाद से केंद्र सरकार के किसी सचिव के कार्यालय में नहीं गए हैं और उन्होंने कभी किसी अधिकारी के तबादले या पदस्थापन को लेकर पत्र नहीं लिखा।

भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने सोमवार को कहा कि गर्ग ने अपने पॉडकास्ट में उनके साथ अपने कार्यालय में मुलाकात और किसी के तबादले के लिए पैरवी का उल्लेख किया है। हकीकत यह है कि मैं 2009 में सांसद बनने के बाद ऐसे किसी काम के लिए किसी सचिव के पास नहीं गया।

उन्होंने कहा कि यदि गर्ग के पास उनके कार्यालय में मेरे आने या किसी तरह की सिफारिश से जुड़ा कोई प्रमाण है तो उसे सामने रखा जाना चाहिए। यह विवाद हाल में देश की पहली तिमाही की 7.8 प्रतिशत जीडीपी वृद्धि दर को लेकर गर्ग की ओर से उठाए गए सवालों के बाद शुरू हुआ।

सुभाष चंद्र गर्ग ने आंकड़ों और पिछली जीडीपी गणना में हुए बदलावों को लेकर सवाल उठाए थे। इसके बाद निशिकांत दुबे ने गर्ग पर तीखी टिप्पणी की थी। गर्ग ने एक पॉडकास्ट में दुबे के बारे में कहा था कि उनके वित्त सचिव रहने के दौरान सांसद कुछ फाइल या मामले लेकर उनके पास आए थे, जिन्हें उन्होंने कंपनियों के हित में पैरवी या लॉबिंग के तौर पर देखा था।

निशिकांत दुबे ने कहा कि वह 2009 से सांसद हैं और प्रोटोकॉल के अनुसार केंद्रीय सचिव का पद सांसद से नीचे होता है। भाजपा सांसद ने दावा किया कि उन्होंने आज तक केंद्र सरकार के किसी मंत्रालय में जाकर किसी सचिव से मुलाकात नहीं की। उन्होंने यह भी कहा कि उन्होंने कभी किसी अधिकारी के तबादले या पदस्थापन के लिए पत्र नहीं लिखा। गर्ग जुलाई 2017 से जुलाई 2019 तक आर्थिक मामलों के सचिव और मार्च 2019 से जून 2019 तक वित्त सचिव रहे थे। बाद में उनका तबादला ऊर्जा मंत्रालय में हुआ, जिसके बाद उन्होंने स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति ले ली थी।

निशिकांत दुबे ने कहा कि गर्ग के साथ उनका विवाद नया नहीं है। वर्ष 2018 में भी उन्होंने प्रधानमंत्री को पत्र लिखकर तत्कालीन आर्थिक मामलों के सचिव गर्ग की आर्थिक नीतियों और उनके कामकाज को लेकर सवाल उठाए थे।

–आईएएनएस

एसएनसी/एसके

(This content is sourced from a syndicated feed and is published as received. Punjab Kesari assumes no responsibility or liability for its accuracy, completeness, or content.)

IANS Agency

The Indo-Asian News Service (IANS) is a private news agency providing round-the-clock, in-depth coverage of politics, business, entertainment, and world affairs from India and South Asia.