बेंगलुरु, 1 जून (आईएएनएस)। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने कर्नाटक के विधायक एन.ए. हारिस के बेटे और युवा कांग्रेस नेता मोहम्मद नलपाद को करोड़ों के बिटकॉइन घोटाले और कथित मनी लॉन्ड्रिंग मामले के संबंध में दूसरी बार समन जारी किया है।
शांतिनगर विधानसभा क्षेत्र से विधायक एन.ए. हारिस मंत्रिमंडल में पद के दावेदारों में से एक हैं और यह घटनाक्रम उनकी संभावनाओं के लिए एक झटका साबित हो सकता है।
राजनीतिक प्रतिबद्धताओं का हवाला देते हुए पूछताछ के पहले दौर में उपस्थित न होने पर ईडी अधिकारियों ने नलपाद को 1 जून यानी आज पूछताछ के लिए पेश होने का निर्देश दिया है। यह समन नलपाद के बिटकॉइन घोटाले के कथित सरगना श्रीकृष्णा रमेश उर्फ ’श्रीकी’ से संबंध के आरोपों के बीच आया है।
सूत्रों के अनुसार, ईडी ने श्रीकी को हिरासत में ले लिया है और उनसे गहन पूछताछ की है। इस दौरान जांचकर्ताओं ने नलपाद के आरोपी से कथित संबंधों के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी जुटाई है।
जांचकर्ताओं को संदेह है कि नलपाद, श्रीकी के साथ नियमित संपर्क में थे और कथित तौर पर उनके लिए आलीशान होटलों में आवास की व्यवस्था करके उनकी गतिविधियों में सहायता करते थे। एजेंसी की चल रही मनी लॉन्ड्रिंग जांच के तहत इन आरोपों की वर्तमान में जांच की जा रही है।
इससे पहले ईडी के अधिकारियों ने नलपाद, वरिष्ठ नेता रहीम खान और अन्य लोगों के आवासों और कार्यालयों पर लगातार तीन दिनों तक छापेमारी की थी। तलाशी के दौरान कथित तौर पर डिजिटल साक्ष्य और मामले से संबंधित कई दस्तावेज जब्त किए गए थे।
नलपाद ने राजनीतिक व्यस्तताओं का हवाला देते हुए ईडी के पहले समन को स्वीकार नहीं किया था। हालांकि, सूत्रों का कहना है कि अगर जांचकर्ता नलपाद और श्रीकी के बीच वित्तीय लेनदेन के ठोस सबूत जुटा लेते हैं तो एजेंसी हिरासत में पूछताछ सहित आगे की कानूनी कार्रवाई पर विचार कर सकती है।
श्रीकी पर प्रभावशाली राजनीतिक नेताओं के बेटों का संरक्षण प्राप्त करने के आरोपों के बाद ईडी ने पहले विधायक एन.ए. हारिस और मोहम्मद नलपाद से जुड़े आवासों पर तलाशी ली थी।
कर्नाटक बिटकॉइन घोटाला एक हाई-प्रोफाइल क्रिप्टोकरेंसी से संबंधित मामला है, जो 2021 में सामने आया था। यह घोटाला हैकर और कथित साइबर अपराधी श्रीकृष्णा रमेश ‘श्रीकी’ के नाम से जाना जाता है, पर केंद्रित है।
–आईएएनएस
ओपी/एबीएम
(This content is sourced from a syndicated feed and is published as received. Punjab Kesari assumes no responsibility or liability for its accuracy, completeness, or content.)


Download Android App
Download iOS App



