मैसूरु, 23 जून (आईएएनएस)। कर्नाटक पुलिस ने उल्लास गौड़ा को गिरफ्तार किया है। वह एक महिला की निजी तस्वीरें और वीडियो कथित तौर पर फैलाने के मामले में मुख्य आरोपी है। माना जा रहा है कि इसी वजह से मैसूरु जिले में महिला और उसके माता-पिता ने आत्महत्या कर ली थी।
यह घटना सोमवार को टी. नरसीपुरा तालुक के हालेकेम्पय्यानाहुंडी गांव में हुई। मरने वालों की पहचान रक्षिता (जिसकी शादी 24 जून को होने वाली थी) और उसके माता-पिता (शिवन्ना और नागरत्ना) के तौर पर हुई है।
पुलिस के मुताबिक रक्षिता की निजी तस्वीरें और वीडियो वायरल होने के बाद परिवार के तीनों सदस्यों ने जहर खाकर आत्महत्या कर ली। यह मामला वरुण पुलिस स्टेशन के अधिकार क्षेत्र में दर्ज किया गया।
घटना के बाद उल्लास गौड़ा फरार हो गया, जिसके बाद मैसूरु के पुलिस अधीक्षक मल्लिकार्जुन बालादंडी ने उसे खोजने और पकड़ने के लिए एक विशेष टीम बनाई।
इंस्पेक्टर धनंजय और शिवानंद शेट्टी की अगुवाई वाली टीम ने आरोपी का पता लगाया और उसे मैसूरु में गिरफ्तार कर लिया। बाद में उसे अदालत में पेश किया गया, जिसने उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया।
जांचकर्ताओं ने बताया कि उल्लास गौड़ा परिवार को जानता था और कभी-कभी उनके घर आता-जाता था। परिवार वालों का आरोप है कि उसने शादी तोड़ने के इरादे से रक्षिता की निजी तस्वीरें और वीडियो उसके मंगेतर को भेज दिए थे।
पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि आरोपी को तस्वीरें और वीडियो कैसे मिले। परिवार का आरोप है कि रक्षिता को बुरी तरह परेशान किया जा रहा था।
इन मौतों से गांव में भारी आक्रोश फैल गया। लोगों ने विरोध प्रदर्शन किया और आरोपी की तुरंत गिरफ्तारी की मांग की। प्रदर्शनकारियों ने गौड़ा के खिलाफ कार्रवाई होने तक पुलिस को शवों को पोस्टमार्टम और अन्य कानूनी औपचारिकता से रोक दिया।
पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और कहा है कि मौतों की वजहों और घटना में आरोपी की कथित भूमिका का पता लगाने के लिए आगे की जांच चल रही है।
हाल ही में जिले में हुई अन्य परेशान करने वाली घटनाओं में, मांड्या जिले के एक 65 वर्षीय गारमेंट व्यापारी ने पत्नी और बेटे की हत्या करने के बाद खुदकुशी कर ली। उसने एक सुसाइड नोट छोड़ा जिसमें बढ़ते कर्ज, कर्ज चुकाने के दबाव और राज्य की मुफ्त बस यात्रा योजना से जुड़े व्यापार में नुकसान का जिक्र था। मरने वालों की पहचान प्रभाकर (65), पत्नी ज्योति (55) और उनके बेटे संतोष (28) के तौर पर हुई।
मार्च 2026 में एक 27 वर्षीय व्यक्ति ने बढ़ते कर्ज के कारण अपनी मां और बहन का गला रेत दिया और अपने भतीजे को गंभीर रूप से घायल कर दिया, जिसके बाद उसने खुदकुशी करने की कोशिश की।
आरोपी मोहन गौड़ा ने मां आशा (55) और बहन वर्षिता (34) की हत्या कर दी और वर्षिता के 11 साल के बेटे मयंक को घायल कर दिया।
–आईएएनएस
डीकेएम/वीसी
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