नई दिल्ली, 29 अप्रैल (आईएएनएस)। एयर इंडिया ने बुधवार को सरकार के ‘हब-एंड-स्पोक’ मॉडल को अपनाने के फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि इससे देश के एविएशन सेक्टर में बड़ा बदलाव आएगा।
टाटा समूह के स्वामित्व वाली एयरलाइन के सीईओ और प्रबंध निदेशक कैंपबेल विल्सन ने सरकार की इस पहल को एविएशन सेक्टर के लिए एक ‘परिवर्तनकारी कदम’ बताया और कहा कि इससे कनेक्टिविटी मजबूत होगी और देश भर में एयरपोर्ट्स इन्फ्रास्ट्रक्चर का अधिकतम उपयोग संभव होगा।
इस दौरान एयर इंडिया ने ‘हब-एंड-स्पोक’ मॉडल के अंतर्गत वाराणसी से अंतरराष्ट्रीय उड़ानों को लॉन्च किया।
विल्सन ने आगे कहा,“यह भारतीय एविएशन के लिए एक क्रांतिकारी कदम है। भारत को वैश्विक विमानन केंद्र बनाने और पूरे एविएशन इकोसिस्टम को विकसित करने के लिए प्रधानमंत्री मोदी के दूरदर्शी प्रयासों के लिए हम उन्हें धन्यवाद देना चाहते हैं।”
साथ ही, उन्होंने एक बड़े एविएशन इकोसिस्टम के विकास और वैश्विक हवाई यात्रा में भारत की स्थिति को मजबूत करने के लिए प्रधानमंत्री मोदी की दूरदृष्टि की सराहना की।
इस मॉडल के अनुरूप अपनी विस्तार रणनीति के तहत, एयर इंडिया वाराणसी से अंतरराष्ट्रीय कनेक्टिविटी शुरू करने की तैयारी कर रही है, जिसका उद्देश्य पूर्वी उत्तर प्रदेश और पड़ोसी क्षेत्रों के यात्रियों के लिए सुगम्य यात्रा सुनिश्चित करना है।
एयर इंडिया के गवर्नेंस, रिस्क, कंप्लायंस और कॉर्पोरेट अफेयर्स के ग्रुप हेड पी. बालाजी ने कहा कि इस कदम से भारत के ग्लोबल एविएशन को महानगरों से आगे बढ़ाने में मदद मिलेगी और टियर 2 और टियर 3 शहरों के यात्रियों के लिए अंतरराष्ट्रीय यात्रा अधिक सुलभ हो जाएगी।
इसी महीने की शुरुआत में, नागर विमानन मंत्री राम मोहन नायडू ने हब-एंड-स्पोक संचालन को लागू करने के लिए दिल्ली हवाई अड्डे की तैयारियों की समीक्षा करने के लिए प्रमुख हितधारकों के साथ एक उच्च स्तरीय बैठक की अध्यक्षता की।
मंत्री ने कहा कि यह मॉडल उड़ान योजना के तहत विकसित टियर-II और टियर-III हवाई अड्डों और अंतरराष्ट्रीय गंतव्यों के बीच निर्बाध कनेक्टिविटी को सक्षम करेगा।
उन्होंने बताया कि भारत से लगभग 35 प्रतिशत अंतरराष्ट्रीय यात्री वर्तमान में दुबई, लंदन और सिंगापुर जैसे विदेशी हब के माध्यम से पारगमन करते हैं। उन्होंने आगे कहा, “हमारा लक्ष्य दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु, हैदराबाद, कोलकाता और चेन्नई जैसे वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी भारतीय केंद्रों का विकास करके इस ट्रेंड को पलटना है।”
–आईएएनएस
एबीएस
(This content is sourced from a syndicated feed and is published as received. Punjab Kesari assumes no responsibility or liability for its accuracy, completeness, or content.)


Download Android App
Download iOS App



