पश्चिम बंगाल: भ्रष्टाचार मामले में पुलिस की तलाशी के बाद टीएमसी पार्षद गिरफ्तार

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कोलकाता, 23 जून (आईएएनएस)। भ्रष्टाचार मामले में पुलिस की तलाशी के बाद मंगलवार को तृणमूल कांग्रेस के पार्षद कनाईलाल दास को अनियमित गतिविधियों से जुड़े कई आरोपों में गिरफ्तार किया गया है। कनाईलाल दास का नाम तामलुक इलाके के सबसे प्रभावशाली नेताओं शुमार है। पुलिस के मुताबिक, हाल ही में कनाईलाल दास से जुड़े एक किराए के घर की तलाशी ली गई थी। इस दौरान, अधिकारियों को बड़ी मात्रा में स्कूल के छात्रों के कपड़े, जैसे यूनिफॉर्म और साड़ियां मिली थीं। ये कपड़े घर के अलग-अलग कमरों में बिखरे हुए थे। जांचकर्ताओं को इस मामले से जुड़ी एक और जगह…

कोलकाता, 23 जून (आईएएनएस)। भ्रष्टाचार मामले में पुलिस की तलाशी के बाद मंगलवार को तृणमूल कांग्रेस के पार्षद कनाईलाल दास को अनियमित गतिविधियों से जुड़े कई आरोपों में गिरफ्तार किया गया है। कनाईलाल दास का नाम तामलुक इलाके के सबसे प्रभावशाली नेताओं शुमार है।

पुलिस के मुताबिक, हाल ही में कनाईलाल दास से जुड़े एक किराए के घर की तलाशी ली गई थी। इस दौरान, अधिकारियों को बड़ी मात्रा में स्कूल के छात्रों के कपड़े, जैसे यूनिफॉर्म और साड़ियां मिली थीं। ये कपड़े घर के अलग-अलग कमरों में बिखरे हुए थे। जांचकर्ताओं को इस मामले से जुड़ी एक और जगह से काफी संख्या में तिरपाल भी मिले।

इन चीजों के मिलने के बाद पुलिस की एक टीम मंगलवार सुबह दास के घर पहुंची। तलाशी के दौरान मिली चीजों के वहां होने और उन्हें जमा करके रखने के बारे में उससे पूछताछ की गई। अधिकारियों ने बताया कि किराए के घर में ऐसी चीजें क्यों रखी जा रही थीं, इस सवाल का दास संतोषजनक जवाब नहीं दे पाए। पूछताछ के बाद दास को हिरासत में लिया गया और फिर गिरफ्तार कर लिया गया।

स्थानीय लोगों के अनुसार, तामलुक और उसके आसपास दास के कई नर्सिंग होम हैं और वह स्थानीय नर्सिंग होम एसोसिएशन का अध्यक्ष भी रह चुका है। लोगों का यह भी कहना था कि इलाके में तृणमूल कांग्रेस के अहम संगठनात्मक और राजनीतिक फैसले अक्सर उसके सलाह-मशविरे के बाद ही लिए जाते थे।

दास पर हाल ही में एक स्थानीय व्यक्ति के साथ मारपीट का भी आरोप लगा था। हालांकि पुलिस अधिकारियों ने अभी तक यह पुष्टि नहीं की है कि उसकी गिरफ्तारी के बाद दर्ज किए गए आरोपों में उन आरोपों को भी शामिल किया गया है या नहीं।

कनाईलाल दास की गिरफ्तारी ऐसे समय में हुई है, जब एजेंसियां ​​भ्रष्टाचार, जबरन वसूली और अन्य आपराधिक मामलों के आरोपों का सामना कर रहे जन-प्रतिनिधियों के खिलाफ लगातार कार्रवाई कर रही हैं।

–आईएएनएस

एसडी/वीसी

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