NEET UG-2025: CBI ने किया फर्जीवाड़े का भंडाफोड़, दो आरोपी गिरफ्तार

Summary :

अभिभावकों से मोटी रकम वसूलने की कोशिश की

सीबीआई ने नीट यूजी 2025 परीक्षा में फर्जीवाड़े का पर्दाफाश करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों ने एनटीए के नाम का दुरुपयोग कर उम्मीदवारों से 87.5 लाख रुपये की मांग की थी। जांच में पता चला कि उनके पास उम्मीदवारों के दस्तावेज और हवाला नेटवर्क के सबूत मिले हैं। मामले में एनटीए की संलिप्तता का कोई सबूत नहीं मिला है।

केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने नीट यूजी 2025 के उम्मीदवारों को ठगने की साजिश रचने के आरोप में दो व्यक्तियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों ने नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) के अधिकारियों से संबंध होने का झूठा दावा कर उम्मीदवारों और उनके अभिभावकों से मोटी रकम वसूलने की कोशिश की। सीबीआई ने 9 जून को मामला दर्ज किया और जांच शुरू की।आरोपियों ने दावा किया कि वे नीट यूजी 2025 के स्कोर में हेरफेर कर सकते हैं। इसके लिए उन्होंने प्रति उम्मीदवार 90 लाख रुपये की मांग की, जिसे बाद में बातचीत के बाद 87.5 लाख रुपये तक कम कर लिया। उन्होंने अभिभावकों को यह भी आश्वासन दिया कि परिणाम की आधिकारिक घोषणा से छह घंटे पहले बढ़े हुए अंकों का विवरण दे देंगे। सीबीआई को सूचना मिली कि एक आरोपी मुंबई के परेल स्थित होटल आईटीसी ग्रैंड सेंट्रल में अभिभावकों से मिल रहा था।

जांच में पता चला कि मुख्य आरोपी सोलापुर का रहने वाला है, जबकि दूसरा आरोपी नवी मुंबई में एक प्रवेश परामर्श फर्म चलाता है। इनका एक अन्य व्यक्ति से भी संपर्क था, जो पुणे में ऐसी ही कंसल्टेंसी संचालित करता है। सीबीआई ने आरोपियों के मोबाइल फोन की फोरेंसिक जांच की, जिसमें उम्मीदवारों के रोल नंबर, एडमिट कार्ड, ओएमआर शीट और हवाला नेटवर्क के जरिए लेनदेन के सबूत मिले।

सीबीआई ने 9 जून को मुख्य आरोपी को मुंबई से और 10 जून 2025 को सह-आरोपी को महाराष्ट्र के सांगली जिले से गिरफ्तार किया। दोनों को मुंबई की विशेष सीबीआई अदालत में पेश किया गया, जहां 13 जून 2025 तक पुलिस हिरासत दी गई, जिसे बाद में 16 जून 2025 तक बढ़ा दिया गया। जांच में अब तक एनटीए या किसी सरकारी अधिकारी की संलिप्तता का कोई सबूत नहीं मिला है। आरोपियों ने एनटीए के नाम का दुरुपयोग कर अभिभावकों को गुमराह किया।

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सीबीआई ने कहा कि यह मामला शिक्षा के क्षेत्र में होने वाले फर्जीवाड़े की गंभीरता को दर्शाता है। एजेंसी अन्य संदिग्धों की भूमिका की जांच कर रही है और अभिभावकों से ऐसी ठगी से सावधान रहने की अपील की है। जांच जारी है और सीबीआई दोषियों को सजा दिलाने के लिए प्रतिबद्ध है।

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