प्रज्वल रेवन्ना के पास जेल में मिला मोबाइल फोन, छापेमारी के बाद मचा हड़कंप; कांग्रेस ने साधा निशाना

Summary :

बेंगलुरु की परप्पन्ना अग्रहारा जेल में सीसीबी की छापेमारी से हड़कंप मच गया। कार्रवाई के दौरान पूर्व सांसद प्रज्वल रेवन्ना और कैदी प्रताप राय के पास से मोबाइल फोन बरामद होने का दावा है। मामला सामने आने के बाद सियासी हलचल तेज हो गई है। कांग्रेस सांसद प्रमोद तिवारी ने मामले में कार्रवाई की मांग की है।

सेंट्रल क्राइम ब्रांच (सीसीबी) ने बेंगलुरु स्थित परप्पन्ना अग्रहारा जेल में छापा मारा। छापेमार कार्रवाई के दौरान जनता दल (सेक्युलर) के पूर्व सांसद प्रज्वल रेवन्ना और प्रताप राय कैदी के पास मोबाइल फोन बरामद हुए हैं। फोन मिलने के बाद राजनीतिक महकमे में सरगर्मी बढ़ गई है। कांग्रेस ने इस मामले पर बड़ा निशाना साधा है। सांसद प्रमोद तिवारी ने कार्रवाई की मांग की है।

कांग्रेस ने की कार्रवाई की मांग

मीडिया एजेंसी ANI से बातचीत करते हुए कांग्रेस सांसद प्रमोद तिवारी ने कहा कि वो अपने पिता और दादा को मिले राजनीतिक अधिकारों का गलत इस्तेमाल कर रहे हैं। उनके खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। कानून के सामने सब बराबर हैं।

पुलिस अधिकारी ने क्या कहा?

डीजीपी जेल आलोक कुमार ने रेवन्ना के पास मिले फोन को लेकर कहा कि मंगलवार की दोपहर CCB ने सभी हाई प्रोफइल कैदियों के यहां छापेमार हुई। रेवन्ना के पास से एक फोन जब्त हुआ। DIG (साउथ) की रिपोर्ट के आधार पर, संबंधित असिस्टेंट सुपरिटेंडेंट को सस्पेंड कर दिया गया है और बैंगलोर सेंट्रल जेल के सुपरिटेंडेंट को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। इस घटना की विस्तृत जांच चल रही है।

कौन हैं प्रज्वल रेवन्ना? दुष्कर्म मामले में उम्रकैद की सजा

बता दें कि प्रज्वल रेवन्ना पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवेगौड़ा के पोते हैं। रेवन्ना से जुड़ा यौन शोषण और गैंगरेप के आरोप में बीते एक साल से जेल में बंद है। मालूम हो कि अप्रैल 2024 में कई अश्लील वीडियो वायरल हुए, रेवन्ना पर कई महिलाओं के यौन उत्पीड़न का आरोप लगा। इसके बाद बेंगलुरु की एक विशेष कोर्ट ने अगस्त 2025 में उन्हें एक मेड के रेप का दोषी करार देते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई। मालूम हो कि सेक्स स्कैंडल के हजारों वीडियो वायरल होने के बाद सियासत काफी गरमा गया। सामाजिक विरोध के साथ राजनीतिक प्रदर्शन भी हुए। कर्नाटक सरकार ने इस मामले की जांच के लिए विशेष जांच टीम बनाई और कई मामलों में चार्टशीट दाखिल की। घटना सामने आने के बाद रेवन्ना फरार चल रहे थे, लेकिन उन्हें बड़ी मशकक्त के बाद बेंगलुरु एयरपोर्ट से अरेस्ट कर लिया गया था।

Shivangi Shandilya

शिवांगी शांडिल्य पत्रकारिता में पिछले 2 वर्षों से सक्रिय हैं। राजनीति, विदेश, क्राइम के अलावा आद्यात्मिक खबरें लिखना पसंद हैं। गलगोटिया विश्वविद्यालय से बैचलर ऑफ मास कम्यूनिकेशन की पढ़ाई पूरी की है। IGNOU से मास्टर ऑफ मास कम्यूनिकेशन की पढ़ाई जारी है। इस दौर में वेबसाइट पर लिखने का कार्य जारी है। पत्रकारिता की शुरुआत इंडिया न्यूज़ (इनखबर) से हुई, जहां बत्तौर हिन्दी सब-एडिटर के रूप में वेबसाइट पर काम किया। वर्तमान में पंजाब केसरी दिल्ली में हिन्दी सब-एडिटर के तौर पर काम कर रहे हैं। बिहार के मुजफ्फरपुर जिले में जन्म लेने वाली शिवांगी की शिक्षा उनके गृह जिले में ही हुई है। शिवांगी को राजनीतिक घटनाक्रम पर आलेख लिखना बेहद पसंद है।