श्रीनगर : जम्मू कश्मीर में हिमस्खलन की चार घटनाओं में सोमवार की रात से छह सैनिकों समेत 12 लोगों की मौत हो गई। पुलिस और रक्षा सूत्रों ने यह जानकारी दी। रक्षा सूत्रों ने बताया कि मंगलवार को नियंत्रण रेखा पर माछिल सेक्टर में सेना की एक चौकी हिमस्खलन की चपेट में आ गयी जिसमें पांच सैनिक फंस गये। बचाव अभियान चलाया गया लेकिन किसी भी सैनिक को बचाया नहीं जा सका।
पुलिस ने बताया कि गंदेरबल जिले में गगनगीर इलाके के सोमवार की रात एक गांव में एक अन्य हिमस्खलन हुआ जिसमें पांच नागरिकों की मौत हो गई जबकि चार अन्यों को बचा लिया गया। बांदीपुरा के गुरेज में एक अन्य नागरिक की मौत हो गई। एक अन्य घटना कश्मीर के नौगाम सेक्टर में सोमवार की रात साढ़े आठ बजे हुई जिसमें एलओसी पर बीएसएफ की चौकी पर हिमस्खलन हुआ। इस घटना में बीएसएफ के एक जवान की मौत हो गई और छह अन्य को बचा लिया गया।
अधिकारियों ने मृत जवान की पहचान बल की 77वीं बटालियन के कांस्टेबल गंगा बारा के रूप में की है। बल के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, ‘‘प्रभावित क्षेत्र में कुल सात सैनिक तैनात थे। छह सैनिकों को सुरक्षित बचा लिया गया जबकि कांस्टेबल बारा को काफी प्रयासों के बाद भी बचाया नहीं जा सका।’’ जवान पश्चिम बंगाल के जलपाईगुड़ी जिले का रहने वाला था और 2011 में बीएसएफ में शामिल हुआ था।
इस बीच जम्मू कश्मीर के उपराज्यपाल गिरीश चंद्र मुर्मू ने केन्द्र शासित प्रदेश के विभिन्न भागों में हिमस्खलनों के कारण लोगों की मौत होने पर मंगलवार को दुख व्यक्त किया। उपराज्यपाल ने अपने संदेश में दिवंगत आत्माओं की शांति और शोक संतप्त परिवारों को शक्ति प्रदान करने की प्रार्थना की। एक आधिकारिक प्रवक्ता ने बताया कि मुर्मू ने घायलों को बेहतर इलाज उपलब्ध कराने के प्रशासन को निर्देश दिये और उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की।


Download Android App
Download iOS App



