कोलकाता : राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) की एक विशेष अदालत ने 2014 के बर्दमान धमाका मामले में चार बांग्लादेशियों समेत 19 लोगों को दोषी ठहराया है। अधिकारियों ने बुधवार को यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि सभी आरोपियों ने अदालत के सामने अपना अपराध स्वीकार किया।
पश्चिम बंगाल के बर्दमान जिले के व्यस्त खागड़ागढ़ इलाके में 2 अक्टूबर को 2014 को आईईडी धमाके में दो लोगों की मौत हो गई थी। दोनों लोग उस समय आईईडी बना रहे थे।
उन्होंने कहा कि जिस घर में धमाका हुआ उसे बांग्लादेश के प्रतिबंधित संगठन जमात-उल-मुजाहिदीन ने बुर्का सिलने की फैक्टरी के रूप में किराये पर ले रखा था।
एनआईए ने एक बयान में कहा, ‘एनआईए जांच में जेबीएम (जमात-उल-मुजाहिदीन बांग्लादेश) की भारत में अपने सदस्यों को कट्टरपंथी बनाने, भर्तियां करने और हथियार तथा गोला-बारूद का इस्तेमाल करने का प्रशिक्षण देने की साजिश का पर्दाफाश हुआ है। साथ ही उसपर आतंकी गतिविधियों से भारत तथा बांग्लादेश की लोकतांत्रिक तरीके से चुनी हुई सरकारों के खिलाफ युद्ध छेड़ने की साजिश का आरोप है।’
बयान के अनुसार जांच के दौरान बड़ी मात्रा में आईईडी, विस्फोटक, हथगोले और प्रशिक्षण वीडियो बरामद हुए।


Download Android App
Download iOS App



