कांग्रेस नेता आशीष देशमुख ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे को पत्र लिखकर कांग्रेस नेता सुनील केदार को राज्य मंत्रिमंडल से बर्खास्त करने की मांग करते हुए आरोप लगाया कि उन्होंने उस मामले में अपने वकील दोस्त को सरकारी वकील के तौर पर नियुक्त किया है, जिसमें वह आरोपी हैं।
पूर्व विधायक देशमुख ने 22 अगस्त को लिखे अपने पत्र में दावा किया कि उक्त वकील राज्य कांग्रेस कानूनी प्रकोष्ठ के प्रमुख थे और इसलिए वह इस तरह का मामला नहीं लड़ सकते क्योंकि यह ‘‘हितों के टकराव’’ के बराबर है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेता केदार और 10 अन्य 2002 में नागपुर जिला केंद्रीय सहकारी बैंक में करीब 150 करोड़ रुपये की कथित अनियमितता के मामले में आरोपी हैं।
देशमुख ने दावा किया कि मामले में सुनवाई अब अंतिम चरण में है और केदार विभिन्न कारणों का हवाला देकर पिछले 19 वर्षों से अदालत में मामले में देरी कर रहे हैं। उन्होंने लगाया कि केदार ने अपने एक वकील मित्र को सरकारी वकील के रूप में ‘‘इस उद्देश्य से नियुक्त कराया कि वह उनके खिलाफ मामले में मजबूती से पैरवी नहीं करें, ताकि उनका बरी होना संभव हो सके।’’ देशमुख ने मामले में सरकारी वकील के रूप में वकील की नियुक्ति को रद्द करने और केदार को राज्य मंत्रिमंडल से बर्खास्त करने की मांग की।


Download Android App
Download iOS App



