मध्य प्रदेश में विधानसभा के उप-चुनाव के लिए 3 नवंबर को मतदान होने वाला है, राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के प्रदेशाध्यक्ष कमल नाथ ने भाजपा की सरकार पर कर्मचारी विरोधी फैसले लेने का आरेाप लगाते हुए कहा है कि कांग्रेस के सत्ता में आते ही कर्मचारी विरोधी फैसले निरस्त किए जाएंगे।
पूर्व मुख्यमंत्री कमल नाथ ने वादा किया है कि कांग्रेस सरकार बनने पर हम आंगनवाड़ी कार्यकर्ता, सहायिकाओं और आशा कार्यकतार्ओं को स्थायी कर्मचारी घोषित करते हुए इनके मानदेय में बढ़ोतरी करेंगे। भाजपा सरकार के कार्यकाल में नौकरी से बाहर किए गए संविदा कर्मचारियों को कांग्रेस सरकार के दौरान प्रारंभ की गई निष्कासन वापसी प्रक्रिया को जल्द पूरा करते हुए निष्कासित संविदा कर्मचारियों को पुन: नौकरी में बहाल किया जाएगा।
उन्होंने आगे कहा कांग्रेस सरकार बनने पर संविदा कर्मचारियों व रोजगार सहायको को नियमित करते हुए, इनका मानदेय एवं सुविधाएं नियमित कर्मचारियों की तरह ही करेंगे। चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों की सेवानिवृत्ति आयु कम किए जाने को अन्याय बताते हुए कमल नाथ ने कहा शिवराज सरकार द्वारा चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों की रिटायरमेंट उम्र 62 वर्ष से घटाकर पुन: 60 वर्ष करने का फैसला चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों के साथ धोखा है।
इस निर्णय से उनके सामने संकट खड़ा होने वाला है। एक तरफ सरकार एरियर्स देने की स्थिति में नहीं है तो वो ग्रेच्युटी व पेंशन कैसे देगी? उन्होंने आगे कहा कि चुनाव के पूर्व इस निर्णय से सरकार की नीयत की खोट उजागर हुई है। यह निर्णय उनके साथ अन्याय व भेदभाव पूर्ण है। भाजपा सरकार इस निर्णय पर पुनर्विचार करे। कांग्रेस सरकार आने पर कर्मचारी विरोधी निर्णयों को निरस्त करेंगे।


Download Android App
Download iOS App



