गेहूं उपार्जन मामले में एफआईआर भी होगी और बर्खास्तगी भी – मंत्री कमल पटेल भिण्ड के वायरल वीडियो पर मंत्री ने दिये सख्त कार्यवाही के निर्देश

Summary :

मध्यप्रदेश के किसान-कल्याण तथा कृषि विकास मंत्री कमल पटेल ने भिण्ड कलेक्टर को सेवा सहकारी संस्था, उमरी में गेहूँ उपार्जन में बरती गई लापरवाही की जाँच कराने के निर्देश दिये हैं।

मध्यप्रदेश के किसान-कल्याण तथा कृषि विकास मंत्री कमल पटेल ने भिण्ड कलेक्टर को सेवा सहकारी संस्था, उमरी में गेहूँ उपार्जन में बरती गई लापरवाही की जाँच कराने के निर्देश दिये हैं। श्री पटेल ने निर्देशित किया है कि जाँच में दोषी पाये जाने पर एफआईआर और बर्खास्तगी की कार्यवाही भी सुनिश्चित करें, ताकि भविष्य में अन्य कर्मचारी इस प्रकार की लापरवाही का दुस्साहस न करें।
मंत्री श्री पटेल ने भिण्ड जिले के उपार्जन केन्द्र उमरी में उपार्जित किये गये गेहूँ पर पानी का छिड़काव करने के वायरल वीडियो को संज्ञान में लेते हुए कलेक्टर भिण्ड को कार्यवाही के निर्देश दिये थे। भिण्ड कलेक्टर ने तत्काल जाँच कराकर समिति प्रबंधक उमरी भजन सिंह भदौरिया को निलम्बित कर दिया है। श्री पटेल ने निर्देशित किया है कि समिति गठित कर प्रकरण की सघन जाँच करायें और दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्यवाही सुनिश्चित की जाये।
यह था पूरा मामला
दरअसल 11 जून को सोशल मीडिया पर एक वीडीयो वायरल हुआ था, जो ऊमरी उपार्जन केंद्र का था। इस वीडियो में साफ नजर आ रहा था कि कर्मचारियों द्वारा ही केंद्र पर खरीद के बाद रखा हजारों बोरे गेहूं पर पानी का छिड़काव किया जा रहा था। इस हरकत के पीछे दो शंकाएं थी। एक वजह तो यह हो सकती है कि गेहूं की बोरों से गेहूं निकाल कर उनको पानी से भिगो दिया जाए और उनका वजन बढ़ाकर बराबर कर दिया जाए, या दूसरा कारण यह भी हो सकता है कि संस्था सचिव द्वारा मिलीभगत कर घटिया किस्म का गेहूं खरीदा हो और उसे वेयर हाउस में खपाने के लिए भिगो दिया जाए। जिससे बरसात का सीजन आने के बाद उसे बरसात में भीगा बता कर मामले को ठंडे बस्ते में डाला जा सके।

Desk Team