Bangladesh में 49 अल्पसंख्यक शिक्षकों को इस्तीफा देने के लिए किया गया मजबूर

Summary :

Bangladesh: शेख हसीना के प्रधानमंत्री पद से इस्तीफे के बाद के सप्ताहों में बांग्लादेश में अल्पसंख्यक समुदायों के 49 शिक्षकों को इस्तीफा देने के लिए मजबूर किया गया। स्थानीय मीडिया रिपोर्ट में यह बात कही गई है। Highlights Bangladesh में 49 अल्पसंख्यक शिक्षक इस्तीफा के लिए मजबूर ’48 जिलों में 278 स्थानों पर हिंदू परिवारों को हिंसा और बर्बरता’ ‘हिंदुओं के घरों तथा पूजा स्थलों को बनाया गया निशाना’ ‘धार्मिक और जातीय अल्पसंख्यक कर रहे हिंसा का सामना’ ‘द डेली स्टार’ की रिपोर्ट के अनुसार, बांग्लादेश(Bangladesh) हिंदू, बुद्धिस्ट, क्रिश्चन, ओइक्या परिषद की छात्र शाखा ने शनिवार को जातीय प्रेस क्लब…

Bangladesh

Bangladesh: शेख हसीना के प्रधानमंत्री पद से इस्तीफे के बाद के सप्ताहों में बांग्लादेश में अल्पसंख्यक समुदायों के 49 शिक्षकों को इस्तीफा देने के लिए मजबूर किया गया। स्थानीय मीडिया रिपोर्ट में यह बात कही गई है।

Highlights

  • Bangladesh में 49 अल्पसंख्यक शिक्षक इस्तीफा के लिए मजबूर
  • ’48 जिलों में 278 स्थानों पर हिंदू परिवारों को हिंसा और बर्बरता’
  • ‘हिंदुओं के घरों तथा पूजा स्थलों को बनाया गया निशाना’

‘धार्मिक और जातीय अल्पसंख्यक कर रहे हिंसा का सामना’

‘द डेली स्टार’ की रिपोर्ट के अनुसार, बांग्लादेश(Bangladesh) हिंदू, बुद्धिस्ट, क्रिश्चन, ओइक्या परिषद की छात्र शाखा ने शनिवार को जातीय प्रेस क्लब में आयोजित एक संवाददाता सम्मेलन में यह जानकारी दी। संगठन के संयोजक साजिब सरकार ने कहा कि शेख हसीना के नेतृत्व वाली सरकार के पतन के बाद से धार्मिक और जातीय अल्पसंख्यकों को हिंसा का सामना करना पड़ा है।

बांग्लादेश में हिंदू शिक्षकों से जबरन लिया जा रहा इस्तीफा - Dainik Savera  Times | Hindi News Portal

‘अल्पसंख्यक शिक्षकों को शारीरिक हमलों का सामना करना पड़ा’

साजिब सरकार ने आगे कहा, इसमें लूटपाट, महिलाओं पर हमले, मंदिरों में तोड़फोड़, घरों और कार्यस्थलों पर आगजनी यहां तक कि हत्याएं भी शामिल हैं। सरकार ने आगे खुलासा किया कि देश भर में अल्पसंख्यक शिक्षकों को शारीरिक हमलों का सामना करना पड़ा जिसके कारण 30 अगस्त तक कम से कम 49 शिक्षकों को जबरन इस्तीफा देना पड़ा। हालांकि, उनमें से 19 शिक्षकों को दोबारा बहाल कर दिया गया है।

152 हत्याएं, 457 बलात्कार और हमले, 255 अपहरण, 2400 मंदिरों पर हमले; 2021  बांग्लादेश में हिंदुओं के लिए खून, आंसू, डर और अत्याचार का साल है

‘यूनुस ने संविधान की मर्यादा बनाए रखने ली सपथ ली थी’

शेख हसीना की सरकार को पिछले महीने छात्रों के नेतृत्व वाले हिंसक कोटा विरोधी प्रदर्शनों के बाद पद छोड़ने के लिए मजबूर होना पड़ा था, जिसमें 400 से अधिक लोगों की मौत हो गई थी। बांग्लादेश(Bangladesh) में अंतरिम सरकार के मुख्य सलाहकार मोहम्मद यूनुस ने शपथ लेने के बाद कहा था कि वह संविधान की मर्यादा बनाए रखेंगे, लोगों का समर्थन और उनकी रक्षा करेंगे और ईमानदारी से कर्तव्यों का पालन करेंगे। तब बांग्लादेश में बड़े पैमाने पर हिंसा भड़क उठी थी।

7 दिन में 205 घटनाएं, सैकड़ों परिवार तबाह... बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो  रहे हमले का सच - Hindi News | Bangladesh coup 205 attacks on Hindus in 7  days | TV9 Bharatvarsh

’48 जिलों में 278 स्थानों पर हिंदू परिवारों को हिंसा और बर्बरता’

शेख हसीना(Sheikh Hasina) के ढाका छोड़ने के बाद देश में असामाजिक तत्वों ने अशांति फैलाई और हिंदुओं के घरों तथा पूजा स्थलों को निशाना बनाया। देश के 23 धार्मिक संगठनों के एक राष्ट्रीय गठबंधन, बांग्लादेश( जातीय हिंदू मोहजोत ने कहा कि 5 अगस्त के बाद से देश के 48 जिलों में 278 स्थानों पर हिंदू परिवारों को हिंसा और बर्बरता का सामना करना पड़ा है।

बांग्लादेश में भड़की हिंसा की आग, बीबीसी संवाददाताओं की आँखों देखी - BBC  News हिंदी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बांग्लादेश(Bangladesh) की स्थिरता और विकास के लिए भारत के समर्थन को भी दोहराया। उन्होंने कहा आने वाले दिनों में हम हमेशा बांग्लादेश की ‘विकास यात्रा’ के लिए शुभकामनाएं देंगे क्योंकि हम मानव जाति के शुभचिंतक हैं।

देश और दुनिया की तमाम खबरों के लिए हमारा YouTube Channel ‘PUNJAB KESARI’ को अभी subscribe करें। आप हमें FACEBOOK, INSTAGRAM और TWITTER पर भी फॉलो कर सकते हैं

Pannelal Gupta