आत्मसमर्पित नक्सली महिलाओं के पुनर्वास की दिशा में पहल: बस्तर से शुरू हुआ ‘लक्ष्मी सखी मिलेट कार्ट’

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Lakshmi Sakhi Millet Cart: अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर बस्तर में महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक नई पहल की शुरुआत हुई। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने हितग्राही महिलाओं को चाबी सौंपकर ‘लक्ष्मी सखी मिलेट कार्ट’ का शुभारंभ किया। यह पहल विशेष रूप से आत्मसमर्पित नक्सली महिलाओं के पुनर्वास के साथ उन्हें मुख्यधारा से जोड़ने और आर्थिक गतिविधियों के माध्यम से आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। स्वरोजगार और स्थायी आय के अवसर इस पहल का उद्देश्य महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़ते हुए मोटे…

Lakshmi Sakhi Millet Cart: अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर बस्तर में महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक नई पहल की शुरुआत हुई। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने हितग्राही महिलाओं को चाबी सौंपकर ‘लक्ष्मी सखी मिलेट कार्ट’ का शुभारंभ किया। यह पहल विशेष रूप से आत्मसमर्पित नक्सली महिलाओं के पुनर्वास के साथ उन्हें मुख्यधारा से जोड़ने और आर्थिक गतिविधियों के माध्यम से आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।

स्वरोजगार और स्थायी आय के अवसर

इस पहल का उद्देश्य महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़ते हुए मोटे अनाज (मिलेट) आधारित उत्पादों के निर्माण और विक्रय के माध्यम से स्थायी आय का अवसर उपलब्ध कराना है। इसके तहत आत्मसमर्पित नक्सली महिलाओं को भी प्रशिक्षण देकर उन्हें आर्थिक गतिविधियों और आजीविका के साधनों से जोड़ा जाएगा, ताकि वे सम्मानजनक जीवन की ओर अग्रसर हो सकें।

मुख्यमंत्री साय का महिला सशक्तिकरण के लिए नई योजनाओं का ऐलान

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कार्यक्रम में मुख्यमंत्री साय ने कहा कि राज्य सरकार महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए लगातार नई योजनाएं शुरू कर रही है। उन्होंने कहा कि मिलेट कार्ट के माध्यम से महिलाएं स्थानीय स्तर पर कोदो, कुटकी, रागी जैसे मोटे अनाज से बने खाद्य उत्पादों की बिक्री कर सकेंगी, जिससे उनकी आय बढ़ेगी और पारंपरिक अनाजों को भी बढ़ावा मिलेगा।

महिलाओं को उद्यमिता की दिशा में आगे बढ़ाने का महत्वपूर्ण कदम- मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े

महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने कहा कि “लक्ष्मी सखी मिलेट कार्ट” महिलाओं को उद्यमिता की दिशा में आगे बढ़ाने का महत्वपूर्ण कदम है। इसके माध्यम से स्व-सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं के साथ-साथ आत्मसमर्पित नक्सली महिलाओं को भी प्रशिक्षण देकर मिलेट उत्पाद तैयार करने और उनके विपणन से जोड़ा जा रहा है।

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इस पहल से विशेष रूप से बस्तर क्षेत्र की महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने और स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर प्राप्त करने में मदद मिलेगी। सरकार का लक्ष्य है कि आने वाले समय में इस योजना का विस्तार अन्य जिलों में भी किया जाए, ताकि अधिक से अधिक महिलाएं इससे लाभान्वित हो सकें।

कार्यक्रम में महिला एवं बाल विकास विभाग की सचिव शम्मी आबिदी, संचालक डॉ. रेणुका श्रीवास्तव सहित अन्य जनप्रतिनिधि और अधिकारी भी उपस्थित रहे।

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Bhawana Rawat

भावना रावत पिछले 2 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं। राजनीति, विदेश, क्राइम की खबरें लिखने में रुचि है। दिल्ली विश्वविद्यालय से बैचलर ऑफ मास कम्यूनिकेशन की पढ़ाई पूरी की है। वर्तमान में पंजाब केसरी दिल्ली में हिन्दी सब-एडिटर के तौर पर काम कर रही हैं।